खुरई की एक अदालत ने 3 साल की मासूम बच्ची से दुष्कर्म के दोषी पड़ोसी को अंतिम सांस तक जेल में रहने की सजा सुनाई है। यह फैसला शुक्रवार शाम को तृतीय अपर सत्र न्यायाधीश संध्या मनोज श्रीवास्तव की कोर्ट ने सुनाया। यह घटना करीब आठ माह पहले खिमलासा थाना क्षेत्र के महेरा गांव में हुई थी। शासकीय अभियोजक बलबीर सिंह ठाकुर ने बताया कि 11 जनवरी 2026 को बच्ची अपने 7 साल के भाई के साथ घर के पास खेल रही थी। वे घर से 300 मीटर दूर खेत में मटर की फली खाने गए थे। बहाने से लगाया था साथ इसी दौरान गांव का रामदयाल अहिरवार (31) वहां आया और बच्ची को किसी बहाने से अपने साथ ले गया। बच्ची का भाई घर पहुंचा और मां को बताया कि पड़ोसी उसकी बहन को ले गया है। आरोपी ने बच्ची के साथ गांव में रखी बुआई मशीन के पीछे दुष्कर्म किया। जब परिजन मौके पर पहुंचे, तो आरोपी वहां से भाग निकला। कोर्ट में प्रस्तुत किए गए साक्ष्यों के आधार पर आरोपी रामदयाल अहिरवार को लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम (POCSO Act) की धारा 5(एम) के तहत दोषी पाया गया। न्यायालय ने उसे आजीवन कारावास यानी अंतिम सांस तक जेल में रहने की सजा से दंडित किया है।
