मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले में शुक्रवार सुबह 10 बजे नाले से बालू निकालने का विरोध करने पर रेत माफिया ने एक ही परिवार के 4 लोगों को जमकर पीटा। एक युवक का सिर फोड़ दिया। कुछ लोगों के हाथ-पैर और अन्य जगह चोट के निशान हैं। घायलों को छतरपुर जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। मारपीट के दौरान घायलों में शामिल एक युवक ने हमलावरों पर कट्टे से फायरिंग की। फायरिंग कर आरोपियों को भगाया। मारपीट और फायरिंग का वीडियो भी सामने आया है, जिसमें खून से लथपथ युवक कट्टा लोड कर फायरिंग करता दिखाई दे रहा है। मामला राजनगर थाना क्षेत्र के खजुआ गांव का है। वारदात से जुड़ी तस्वीरें देखिए… नाले से रेत निकालने का विरोध करने पर हुआ विवाद जानकारी के मुताबिक, विवाद उस समय शुरू हुआ जब एक पक्ष ने खेत के पास से गुजर रहे बरसाती नाले से अवैध रूप से बालू निकाले जाने का विरोध किया। विरोध करने पर दूसरे पक्ष के लोग विवाद करने लगे। देखते ही देखते मारपीट शुरू हो गई। घायलों में रामदास विश्वकर्मा, उनके पुत्र नरेंद्र विश्वकर्मा, पुष्पेंद्र विश्वकर्मा और संजय विश्वकर्मा शामिल हैं। पुष्पेंद्र विश्वकर्मा के पैर में गोली लगी है, जबकि बाकी तीन लोग मारपीट में घायल हुए हैं। सभी का जिला अस्पताल छतरपुर में इलाज जारी है। महिलाओं पर भी हमले का आरोप घायल रामदास विश्वकर्मा के बड़े पुत्र नंदकुमार विश्वकर्मा ने बताया कि कुछ लोग उनके खेत से जमीन खोदकर बालू निकाल रहे थे। जब उन्होंने रोकने का प्रयास किया तो आरोपी अपशब्द कहने लगे और घर पर देख लेने की धमकी दी। नंदकुमार के मुताबिक, इसके बाद आरोपी उनके घर पहुंचे। इस दौरान भाइयों, बहुओं और अन्य महिलाओं पर भी हमला कर दिया। इसी दौरान उनके छोटे भाई पुष्पेंद्र को गोली लगी। उन्होंने दावा किया कि उनके भाइयों ने हमलावरों में से एक का कट्टा छीन लिया, जो फिलहाल उनके घर पर रखा है। इन लोगों पर लगाए आरोप नंदकुमार विश्वकर्मा ने हमलावरों की पहचान हल्केइया, मम्लू, देवीदीन, बल्लू, मंगलदीन, अरविंद, जितेंद्र और रवि सहित अन्य लोगों के रूप में की है। उन्होंने आरोप लगाया कि हल्केइया और रवि ने गोली चलाई। दोनों के पास दो कट्टे थे, जिनमें से एक कट्टा उनके भाइयों ने छीन लिया। उन्होंने बताया कि इस हमले में उनके पिता, दो भाई और वे स्वयं घायल हुए हैं। उनके अनुसार, उनके दो भाइयों की हालत गंभीर है। शरीर के अलग-अलग हिस्सों में चोट के निशान हैं। सिर फूट गए हैं। सभी को लहूलुहान हालत में अस्पताल पहुंचाया गया। डॉक्टर बोले- मेडिकल जांच में गोली लगने के निशान नहीं मिले राजनगर बीएमओ डॉ. अवधेश चतुर्वेदी ने बताया कि खजुवा गांव में हुई हिंसा के बाद 6 घायल अस्पताल पहुंचे थे। इनमें से 4 को जिला अस्पताल रेफर किया गया, जबकि 2 को प्राथमिक उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई। पटेल परिवार के बबलू और मनोज घायल हैं। वहीं विश्वकर्मा परिवार के धर्मदास, संजय, पुष्पेंद्र और नगेंद्र घायल हुए हैं। डॉ. चतुर्वेदी ने कहा कि ड्यूटी डॉक्टर ने सभी घायलों की एमएलसी (मेडिको-लीगल केस) की है। अब तक की मेडिकल जांच में किसी भी घायल के शरीर पर गोली लगने के निशान नहीं मिले हैं। फिलहाल दोनों पक्षों के किसी भी घायल में गोली लगने के घाव की पुष्टि नहीं हुई है। कट्टा बरामद नहीं, फायरिंग करने वाला घायल राजनगर थाना प्रभारी अतुल झा ने बताया कि घटना में अब तक पुलिस ने कोई कट्टा बरामद नहीं किया है। फायरिंग करने का आरोपी गंभीर रूप से घायल है। उसके होश में आने के बाद पूछताछ की जाएगी। एसपी बोले- वीडियो के आधार पर होगी कार्रवाई छतरपुर एसपी रजत सकलेचा ने बताया कि पुलिस को सूचना मिली थी कि खजुराहो के ग्रामीण क्षेत्र में दो पक्षों के बीच विवाद हुआ है। दोनों पक्षों के बीच मारपीट हुई है। एक वीडियो में एक व्यक्ति गोली चलाते हुए भी दिखाई दे रहा है। दोनों पक्षों के लोगों को चोटें आई हैं। आरोपियों की गिरफ्तारी सुनिश्चित की जाएगी। ……………………………….. यह खबर भी पढ़ें ग्वालियर में शराब दुकानों पर 6 घंटे में दो बार फायरिंग ग्वालियर के मुरार इलाके में महज छह घंटे के भीतर बदमाशों ने शराब की दो अलग-अलग दुकानों के बाहर फायरिंग कर दहशत फैला दी। दोनों घटनाओं के सीसीटीवी फुटेज भी सामने आए हैं, जिनमें बदमाश कट्टे से खुलेआम फायरिंग करते नजर आ रहे हैं। पढ़ें पूरी खबर…
