टीकमगढ़ जिले की जतारा तहसील के बाजीतपुरा गांव में मंगलवार को प्रशासन ने सरकारी जमीन से तार की फेंसिंग हटाकर कब्जा मुक्त कराया। कलेक्टर के निर्देश पर दोपहर में शुरू हुई कार्रवाई शाम 5:30 बजे तक चली। जेसीबी और कटर मशीन की मदद से फेंसिंग हटाई गई। स्थानीय लोगों ने शिकायत की थी कि जमीन पर कब्जे के कारण किसानों का आने-जाने का रास्ता बंद हो गया है। प्लांटेशन के लिए मिली जमीन पर नहीं लगाए पेड़ जतारा एसडीएम नीरज खरे ने बताया कि देशराज अहिरवार और अन्य लोगों ने पहाड़ी समेत आसपास की सरकारी जमीन पर कब्जा किया था। सड़क किनारे होने के कारण इस जमीन की कीमत अधिक है। जिला प्रशासन से प्लांटेशन के नाम पर जमीन मंजूर कराई गई थी, लेकिन वहां एक भी पेड़ नहीं लगाया गया। स्थानीय लोगों ने कलेक्टर से शिकायत की थी कि जमीन पर तार की फेंसिंग लगाकर रास्ता बंद कर दिया गया है। शिकायत के बाद कलेक्टर के निर्देश पर प्रशासन ने कार्रवाई की। कार्रवाई के बाद देशराज ने थाने में की शिकायत फेंसिंग हटाने की कार्रवाई के बाद देशराज अहिरवार थाने पहुंचे। उन्होंने पुलिस और प्रशासन पर गलत तरीके से कार्रवाई करने का आरोप लगाया। जतारा थाना प्रभारी रवि कुमार गुप्ता ने कहा कि सरकारी जमीन खाली कराने के लिए एसडीएम ने निर्देश दिए थे। सरकारी जमीन पर शासन का हक है और उस पर कब्जा नहीं किया जा सकता। राजस्व और पुलिस अमला रहा मौजूद खसरा नंबर 111/1/1 पर हुई कार्रवाई के दौरान एसडीएम नीरज खरे, तहसीलदार निशांत चौरसिया, टीआई रवि कुमार गुप्ता, आरआई सरमन कुशवाहा, पटवारी बसंत और राजस्व अमला मौजूद रहा। मौके पर पुलिस बल भी तैनात था। एसडीएम नीरज खरे ने कहा कि सरकारी जमीन पर दोबारा कब्जा करने की कोशिश करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
