बालाघाट में चावल घोटाले की जांच कर रही एसआईटी ने शुक्रवार को पूर्व मंत्री रामकिशोर कावरे के भतीजे अविनाश कावरे और गोपाल ठाकुर को गिरफ्तार किया। दोनों हर्ष राइस मिल में क्रमशः 20 और 10 प्रतिशत के पार्टनर हैं। पुलिस ने देर शाम उन्हें वारासिवनी न्यायालय में पेश कर पूछताछ के लिए रिमांड पर लिया है। अविनाश कावरे और गोपाल की गिरफ्तारी के बाद, यह चर्चा है कि एथेनॉल प्लांट के लिए एफसीआई गोदाम से निकले चावल की मिल के नाम पर हेराफेरी इन्होंने की थी। इस मामले में अब तक कुल 15 आरोपी गिरफ्तार किए जा चुके हैं। कांग्रेस ने आरोप लगाया है कि हर्ष राइस मिल के प्रोपराइटर में कुमार कावरे का नाम है और यदि उनकी जल्द गिरफ्तारी नहीं होती है, तो पार्टी सड़क पर उतरकर बड़ा आंदोलन करेगी। जून में सामने आया था मामला यह घोटाला पहली बार 3 जून को वारासिवनी में सामने आया था। तब एवीजे एथेनॉल प्लांट, बोरगांव, छिंदवाड़ा के नाम पर बालाघाट के भारतीय खाद्य निगम से फोर्टिफाइड चावल को राइस मिल में पहुंचाया जा रहा था। प्रशासनिक टीम ने संचेती राइस मिल से एथेनॉल प्लांट जा रहे एक ट्रक को बरामद किया था, जिसके बाद एफआईआर दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू की। 5454 मीट्रिक टन चावल खपाने का खुलासा जांच में अब तक बालाघाट से 5454 मीट्रिक टन चावल खपाने की जानकारी सामने आई है। हालांकि, जानकारों का मानना है कि इससे कहीं अधिक चावल का परिवहन किया गया है। बताया गया है कि एथेनॉल प्लांट मालिकों ने दलालों के जरिए इस चावल को राइस मिलर्स को बेच दिया, जिन्होंने इसे रीसाइकिल कर कस्टम मिलिंग में जमा कर दिया। हर्ष राइस मिल से चावल के 4 ट्रक मिले इससे पहले मंगलवार को पुलिस ने पूर्व मंत्री रामकिशोर कावरे के पारिवारिक सदस्यों से जुड़ी हर्ष राइस मिल में रिमांड पर लिए गए पार्टनर विनोद शर्मा से पूछताछ के बाद चार ट्रक चावल और 100 से अधिक खाली बोरियां बरामद की थीं। तकरीबन एक साल में एवीजे एथेनॉल प्लांट के नाम से एफसीआई सहित अन्य शासकीय गोदाम से गरीबों को वितरित करने वाला तकरीबन 16 हजार मीट्रिक टन से ज्यादा फोर्टिफाईड चावल भेजा गया, जो एथेनाल प्लांट में न जाकर दलालों के माध्यम से राईस मिलर्स को खपा दिया गया और राईस मिलर्स ने उसी चावल को मिलिंग में फिर शासन को जमा कर दिया। इस पूरी प्रक्रिया में न केवल एथेनॉल प्लांट बल्कि राईस मिलर्स ने भी भारी मुनाफा कमाया है। मामले में अब तक 15 आरोपी पकड़ाए इस मामले में एफआईआर के बाद जांच कर रही एसआईटी टीम ने संचेती राईस मिल में मिले ट्रक के चालक दुर्गेश शेंडे, एवीजे एथेनाल प्लांट के प्रतिनिधि राहुल प्रताप, सुपरवाईजर राकेश श्रीवास्तव और सिवनी के ट्रांसपोर्टर उबेद खान, श्री बिहारी राईस मिल नैतरा संचालक बिहारी पटले, मुनीम अजीत बिसेन, शांति राईस मिल नैतरा के संचालक सुरेन्द्र राणा और विराज राईस मिल संचालक, गोंदिया महाराष्ट्र के खंडेलवाल राईस मिल संचालक भाईयों किशनलाल, जुगल खंडेलवाल, संचेती राईस मिल के भाई राजेश संचेती, हर्ष राईस मिल के पार्टनर विनोद शर्मा, सिवनी के नंदगोपाल राईस इंडस्ट्रीज के ऑनर सोनु जैन, हर्ष राईस मिल के पार्टनर अविनाश कावरे और गोपाल ठाकुर को गिरफ्तार किया है।
