रीवा में कल्पना मिश्रा की मौत के मामले में कार्रवाई और न्याय की मांग को लेकर उनके पिता की भूख हड़ताल का आज 9वां दिन है। सिरमौर चौराहे पर जारी अनशन के दौरान गुरुवार को उनकी हालत बिगड़ गई। स्थिति यह है कि वे अब बातचीत भी नहीं कर पा रहे हैं। पिछले दिनों वे बैठकर अनशन कर रहे थे, लेकिन स्वास्थ्य में गिरावट के बाद आज उन्हें लेटकर अनशन करना पड़ रहा है। परिजन बोले- जबतक न्याय नहीं मिलेगा तब तक जारी रहेगा अनसन
परिजनों के मुताबिक लगातार भूख हड़ताल के कारण उनके स्वास्थ्य पर गंभीर असर पड़ा है। बेटे ने बताया कि पिता की हालत पहले की तुलना में काफी खराब हुई है। कमजोरी इतनी बढ़ गई है कि अब वे ठीक से बैठ भी नहीं पा रहे हैं। इसी वजह से आज वे लेटकर ही अनशन पर बैठे हैं। परिवार का कहना है कि जब तक कल्पना को न्याय नहीं मिलता और मामले में जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई नहीं होती, तब तक वे अपनी मांग से पीछे हटने को तैयार नहीं हैं। 10 दिन से अनशन जारी है
कल्पना मिश्रा की मौत को लेकर उनका परिवार लगातार अस्पताल की व्यवस्थाओं और इलाज में कथित लापरवाही पर सवाल उठाता रहा है। इसी मामले में परिवार की ओर से कार्रवाई की मांग को लेकर अलग-अलग स्तर पर प्रदर्शन भी किए जा रहे हैं। कल्पना के पिता पिछले 9 दिनों से सिरमौर चौराहे पर भूख हड़ताल कर रहे हैं। लंबे समय से भोजन नहीं लेने के कारण अब उनकी तबीयत लगातार बिगड़ती जा रही है। जीतू पटवारी अग्रसेन चौराहे के धरने में हुए शामिल
कल्पना मिश्रा मामले में रीवा की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं को लेकर कांग्रेस का आंदोलन भी जारी है। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी आज रीवा पहुंचे। उन्होंने अग्रसेन चौराहे पर आयोजित कांग्रेस के धरने में शामिल होकर आंदोलन को समर्थन दिया। अग्रसेन चौराहे पर कांग्रेस की ओर से लगातार धरना दिया जा रहा है। इससे पहले पार्टी के कई वरिष्ठ नेता और जनप्रतिनिधि भी यहां पहुंचकर आंदोलन में शामिल हो चुके हैं। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि रीवा की स्वास्थ्य व्यवस्था में सुधार और कल्पना मिश्रा मामले में जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई होने तक आंदोलन जारी रहेगा। वहीं, सिरमौर चौराहे पर कल्पना के पिता की बिगड़ती हालत ने परिवार और समर्थकों की चिंता बढ़ा दी है। बेटे के मुताबिक स्वास्थ्य में लगातार गिरावट के बावजूद वे अपनी मांग को लेकर अनशन जारी रखे हुए हैं। इस मामले से जुड़ी यह खबर भी पढ़ें… मैं नहीं बचूंगी, बचा लीजिए, मुझे मार डालेंगे मां मध्य प्रदेश के रीवा के गांधी मेमोरियल अस्पताल में पहली डिलीवरी के दौरान जच्चा-बच्चा की मौत हो गई। मौत के बाद परिजन अस्पताल के मुख्य गेट पर बैठ गए। परिजन ने कहा- इलाज में डॉक्टर ने लापरवाही बरती, इसलिए जान चली गई। लापरवाह डॉक्टरों पर कड़ी कार्रवाई की जाए। पूरी खबर पढ़ें…
