मुंबई की मायानगरी में ठगी और चोरी का शिकार होकर पिछले पांच महीनों से भारत के अलग-अलग शहरों में भटक रहे नीदरलैंड (एम्स्टर्डम) के नागरिक लुसियानो को आखिरकार इंदौर ने नई उम्मीद दे दी। इंदौर के सामाजिक संगठनों, सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर्स, जिला प्रशासन और आम लोगों की मदद से अब वह अपने देश लौट रहा है। करीब एक महीने पहले बेबसी की हालत में इंदौर पहुंचे लुसियानो के रहने, खाने और अन्य जरूरतों की व्यवस्था की गई। महाकाल संस्था और जिला प्रशासन के सहयोग से करीब 35 हजार रुपए का हवाई टिकट भी कराया गया। लुसियानो शुक्रवार रात इंदौर से कनेक्टिंग फ्लाइट के जरिए मुंबई होते हुए एम्स्टर्डम शिफोल के लिए रवाना होगा। एक्टर और ब्लॉगर बनने आया था भारत लुसियानो ने बताया कि वह बॉलीवुड में करियर बनाने और ट्रैवल व्लॉगिंग के सपने के साथ भारत आया था। शुरुआत में उसने कई शहरों की यात्रा की, वीडियो बनाए और सोशल मीडिया कंटेंट तैयार किया। इसके बाद वह मुंबई पहुंचा, जहां उसने कई कास्टिंग एजेंसियों के चक्कर लगाए, लेकिन किस्मत ने साथ नहीं दिया। मुंबई में उसका सामान और पैसे चोरी हो गए। इसके बाद वह पूरी तरह बेसहारा हो गया। जैसे-तैसे लोगों से मदद मांगकर दिल्ली पहुंचा, लेकिन वहां भी कोई सहारा नहीं मिला। बाद में लोगों की सलाह पर वह इंदौर आ गया। कई दिन सड़कों पर गुजारे इंदौर आने के बाद भी उसके पास रहने और खाने तक के पैसे नहीं थे। उसने कई दिन सड़कों पर गुजारे। इसी दौरान सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर अंश तिवारी और उनकी टीम को उसके बारे में जानकारी मिली। टीम ने उसे होटल में ठहराया और भोजन सहित जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराईं। भाषा की समस्या के बावजूद टीम ने अंग्रेजी के जरिए उसकी बात समझी और हर संभव मदद की। लुसियानो को भारतीय भोजन कम पसंद आ रहा था, इसलिए टीम ने उसकी पसंद के अनुसार पिज्जा, बर्गर और अन्य खाने की व्यवस्था भी की। इस दौरान उसे इंदौर के प्रसिद्ध छप्पन दुकान और सराफा बाजार भी घुमाया गया। भावुक होकर लुसियानो ने कहा कि इंदौर में बिताए गए पिछले कुछ दिन उसकी जिंदगी के सबसे अच्छे दिनों में शामिल रहेंगे। महाकाल संस्था और प्रशासन ने संभाली जिम्मेदारी मामले की जानकारी मिलने के बाद महाकाल संस्था के जयेश जोशी और करीम खान ने जिला प्रशासन से संपर्क किया। कलेक्टर शिवम वर्मा के मार्गदर्शन में टिकट और अन्य खर्चों की व्यवस्था कराई गई। करीम खान ने बताया कि विदेशी नागरिक होने के कारण पूरी कानूनी प्रक्रिया भी पूरी की गई। लुसियानो के दस्तावेज, यात्रा रिकॉर्ड और पुलिस सत्यापन की प्रक्रिया पूरी करने के बाद ही उसकी वापसी सुनिश्चित की गई। इंदौर की सौगात लेकर लौटेगा लुसियानो इंदौर छोड़ने से पहले शहरवासियों ने उसके लिए खास तैयारी भी की। उसे कपड़ों और जरूरी सामान की शॉपिंग कराई गई। सफर के लिए खाने-पीने की सामग्री के साथ इंदौर की मशहूर नमकीन और मिठाइयां भी भेंट की गईं। लुसियानो ने कहा कि भारत में उसका अनुभव कठिन जरूर रहा, लेकिन इंदौर ने उसे इंसानियत और अपनापन दिखाया। अब वह अपने देश लौटकर जिंदगी की नई शुरुआत करेगा।
