मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की नाराजगी के बाद सामान्य प्रशासन विभाग (GAD) ने एक बार फिर सभी विभागों से पदोन्नति और भर्ती से संबंधित जानकारी जुटाना शुरू कर दिया है। मंगलवार को मंत्रालय में GAD के अधिकारियों ने सभी विभागों की बैठक लेकर विभागवार जानकारी मांगी। जिन विभागों ने आधी-अधूरी जानकारी दी है, उन्हें पूरी तैयारी के साथ रिपोर्ट देने के निर्देश दिए गए हैं। पदोन्नति और रिक्त पदों की रिपोर्ट तैयार कर जल्द ही मुख्यमंत्री को दी जाएगी। बैठक में अधिकारियों ने विभागवार पदोन्नति की स्थिति की जानकारी ली। उनसे पूछा गया कि किन विभागों में अभी पदोन्नति नहीं हुई है, कहां प्रक्रिया पूरी हो चुकी है और किन विभागों में कितने पदों पर पदोन्नति होना बाकी है। जिन पदों पर पदोन्नति नहीं हो सकी, उनकी वजह भी बताने को कहा गया है। यह रिपोर्ट मुख्यमंत्री की आगामी समीक्षा बैठक में प्रस्तुत की जाएगी। इसके अलावा विभागों से पदोन्नति के बाद रिक्त होने वाले पदों की स्थिति भी मांगी गई है। इसके आधार पर अगले साल करीब एक लाख पदों पर होने वाली भर्ती की योजना तैयार की जाएगी। विभागों से यह भी पूछा गया है कि दिसंबर 2025 के बाद कितने पदों पर भर्ती प्रक्रिया पूरी हो चुकी है और कितने पद अभी खाली हैं। GAD पदोन्नति के बाद रिक्त होने वाले पदों और सीधी भर्ती के लिए उपलब्ध पदों का अलग-अलग डेटा तैयार करेगा। इसके आधार पर मुख्यमंत्री को रिपोर्ट दी जाएगी, ताकि उनके निर्देश पर रिक्त पदों को भरने की प्रक्रिया शुरू की जा सके। सोमवार को CM ने GAD की कार्यप्रणाली पर कसा था तंज सीएम डॉ. मोहन यादव ने सोमवार को कृषि विभाग के एक कार्यक्रम में सामान्य प्रशासन विभाग की कार्यप्रणाली पर तंज कसा था। उन्होंने कहा था कि भगवान के बाद अगर कर्मचारियों को किसी विभाग से डर लगता था तो वह सामान्य प्रशासन विभाग था। वहां न जाने कौन-सी जलेबी बनती थी। हमने तय किया है कि जलेबी की यह दुकान ही बंद कराएंगे। सीएम ने कहा था कि सरकारी प्रक्रियाओं को सरल बनाना जरूरी है, ताकि कर्मचारियों को बेवजह परेशान न होना पड़े। उन्होंने यह भी बताया था कि राज्य सरकार ने अगले साल तक प्रदेश के विभिन्न विभागों में एक लाख नए पदों पर भर्ती का लक्ष्य रखा है। मौजूदा कार्यकाल में अब तक करीब 85 हजार नियुक्तियां दी जा चुकी हैं। उन्होंने कहा था कि जल्द ही फिर पदोन्नति कराई जाएगी, जिससे नए पद रिक्त होंगे। दो राउंड में हुई विभागवार बैठक अपर मुख्य सचिव, सामान्य प्रशासन विभाग की अध्यक्षता में मंगलवार को विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ बैठक हुई। पहले राउंड में गृह, ऊर्जा, वन, राजस्व, किसान कल्याण तथा कृषि विकास, स्कूल शिक्षा, नगरीय विकास एवं आवास, जल संसाधन, लोक निर्माण, सामान्य प्रशासन, तकनीकी शिक्षा एवं कौशल विकास तथा रोजगार, जेल, जनजातीय कार्य, उच्च शिक्षा, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण, सहकारिता, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी, वित्त, महिला एवं बाल विकास, परिवहन, लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा तथा पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के अधिकारियों से जानकारी ली गई। इसके बाद पशुपालन एवं डेयरी, योजना, आर्थिक एवं सांख्यिकी, मछुआ कल्याण एवं मत्स्य विकास, पर्यटन, पर्यावरण, श्रम, औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन, जनसंपर्क, आयुष, खेल एवं युवा कल्याण, संस्कृति, विधि एवं विधायी कार्य, कुटीर एवं ग्रामोद्योग, उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण, सामाजिक न्याय एवं दिव्यांगजन सशक्तिकरण, नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा, पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण तथा भोपाल गैस त्रासदी विभाग से भी जानकारी ली गई। बैठक में संसदीय कार्य, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, विमानन, प्रवासी भारतीय, लोक सेवा प्रबंधन, विमुक्त, घुमक्कड़ एवं अर्ध घुमक्कड़ जनजातीय, अनुसूचित जाति कल्याण, लोक परिसंपत्ति प्रबंधन, आनंद, धार्मिक न्यास एवं धर्मस्व, एमएसएमई, नर्मदा घाटी विकास, वाणिज्यिक कर और खनिज साधन विभाग के अधिकारियों से भी विभागवार जानकारी ली गई।
