मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग (MPPSC) ने पहली बार एक साथ 1220 पदों के लिए चयन सूची जारी की है। शुक्रवार को 1832 मेडिकल ऑफिसर पदों के लिए यह परिणाम घोषित किया गया। करीब 10 दिन के इंतजार के बाद जारी हुई इस सूची में 186 अभ्यर्थियों के नाम सप्लीमेंट्री सूची में भी शामिल किए गए हैं। कुल 1832 पदों में से 1649 पद मुख्य चयन सूची के लिए निर्धारित थे, लेकिन आयोग को केवल 1220 योग्य उम्मीदवार ही मिल सके। एमपीपीएससी चेयरमैन राजेशलाल मेहरा ने कहा कि चयन प्रक्रिया को समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से पूरा करने के लिए लगातार प्रयास किए गए। सभी इंटरव्यू एक साथ आयोजित किए गए, जो करीब ढाई महीने तक चले। तय प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही चयन सूची जारी की गई। वहीं 357 खाली पदों में सबसे अधिक 256 सीटें एसटी वर्ग और 55 सीटें ईडब्ल्यूएस वर्ग की हैं। दिव्यांग श्रेणी के 108 पदों में से भी 46 पदों पर उपयुक्त अभ्यर्थी नहीं मिल पाए। वहीं, 72 पदों का परिणाम कोर्ट में लंबित मामलों के चलते रोका गया है। इसके अलावा ओबीसी आरक्षण से जुड़े विवाद के कारण 183 पद फिलहाल प्रावधिक रूप से होल्ड पर रखे गए हैं। इस भर्ती प्रक्रिया की शुरुआत 8 अगस्त 2024 को 890 पदों के विज्ञापन के साथ हुई थी। बीच में दो बार प्रक्रिया निरस्त भी करनी पड़ी। बाद में 14 नवंबर 2025 को पदों की संख्या बढ़ाकर 1832 कर दी गई। करीब डेढ़ साल बाद 27 जनवरी से इंटरव्यू प्रक्रिया शुरू हुई, जो लगभग 75 दिनों तक चली। इसके बाद मामला कोर्ट पहुंचा, लेकिन राहत मिलने पर अब अंतिम चयन सूची जारी कर दी गई। वर्गवार पदों का विवरण 12 पदों पर 12 हजार आवेदन वहीं, प्रदेश के राज्य स्तरीय विश्वविद्यालयों में सहायक कुलसचिव की भर्तियां होना है। इसके लिए मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग (एमपीपीएससी) ने सहायक कुलसचिव 2025 की लिखित परीक्षा 17 मई को रखी है। महज 12 पदों के लिए प्रदेश भर से करीब 12 हजार उम्मीदवारों ने आवेदन किया है। यानी एक पद के लिए लगभग एक हजार अभ्यर्थी मैदान में हैं। अधिकारियों के मुताबिक शैक्षणिक योग्यता में स्नातकोत्तर उत्तीर्ण होने से प्रत्येक स्ट्रीम के उम्मीदवारों ने आवेदन किया है। इसके चलते पहली बार इतनी बड़ी संख्या में आवेदन प्राप्त हुए हैं। पदों का आरक्षण और आवेदन प्रक्रिया आयोग (एमपीपीएससी) ने इस भर्ती की अधिसूचना 31 दिसंबर 2025 को जारी की थी, जिसमें उच्च शिक्षा विभाग की तरफ से 12 पद रखे गए हैं। 12 में से 4 सामान्य वर्ग, 3 ओबीसी, 2 एससी, 2 एसटी और 1 ईडब्ल्यूएस वर्ग के लिए आरक्षित हैं। आवेदन प्रक्रिया 4 फरवरी से शुरू होकर 5 मार्च तक चली। परीक्षा के लिए एडमिट कार्ड जारी करना शुरू कर दिए हैं। 17 मई को इंदौर, भोपाल, जबलपुर और ग्वालियर में कुल 31 परीक्षा केंद्रों पर परीक्षा होगी। ऑफलाइन पद्धति से ओएमआर शीट पर परीक्षा करवाई जाएगी। दो पेपर रखे गए हैं और गलत उत्तर देने पर नेगेटिव मार्किंग भी लागू रहेगी।
