धार जिले के नालछा थाना क्षेत्र के ग्राम बगड़ी फाटा स्थित नागदा-गुजरी मार्ग पर गुरुवार को एक नवजात बालक सड़क किनारे मिला। नवजात कपड़े में लिपटा हुआ था। उसके शरीर पर चींटियां चढ़ गई थीं, जिससे वह रोने लगा। रोने की आवाज सुनकर लोगों ने उसे देखा और पुलिस को सूचना दी। जानकारी के अनुसार, पास की वेल्डिंग दुकान पर काम कर रहे मदन गिरवाल ने नवजात के रोने की आवाज सुनी। मौके पर पहुंचने पर उन्होंने बच्चे को सड़क किनारे पड़ा देखा। इसके बाद उन्होंने अली गांव के सरपंच राहुल राणा को सूचना दी। सूचना मिलते ही आसपास के लोग भी मौके पर पहुंच गए। पुलिस ने अस्पताल में भर्ती कराया
राहुल राणा ने बताया कि गुरुवार दोपहर करीब 3:15 बजे उन्हें घटना की जानकारी मिली। इसके बाद उन्होंने डायल-112 और नालछा पुलिस को सूचना दी। पुलिस टीम मौके पर पहुंची। राहुल राणा नवजात को डायल-112 की मदद से जिला अस्पताल लेकर पहुंचे। करीब 3:50 बजे बच्चे को अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसे डॉक्टरों की निगरानी में रखा गया है। राहुल राणा के अनुसार, नवजात पूरी तरह स्वस्थ दिखाई दे रहा था। प्रथम दृष्टया ऐसा लग रहा है कि उसका जन्म एक-दो घंटे पहले ही हुआ था। किसी अज्ञात व्यक्ति ने उसे कपड़े में लपेटकर सड़क किनारे छोड़ दिया था। उन्होंने कहा कि यदि समय पर बच्चे के रोने की आवाज नहीं सुनाई देती, तो उसकी जान को खतरा हो सकता था। घटना की सूचना के बाद नालछा थाना पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि नवजात को सड़क किनारे कौन छोड़कर गया और इसके पीछे क्या कारण थे। फिलहाल नवजात जिला अस्पताल में डॉक्टरों की निगरानी में है।
