Homeमध्यप्रदेश43 में से 21 बच्चे खसरे से संक्रमित मिले:CHO-ANM को नोटिस, मैहर...

43 में से 21 बच्चे खसरे से संक्रमित मिले:CHO-ANM को नोटिस, मैहर कलेक्टर बोलीं- आशा कार्यकर्ताओं को हटाए, स्कूल-आंगनवाड़ी बंद करने लिखा पत्र

मैहर जिले में खसरा (मीजल्स) के प्रकोप को लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। सीएमएचओ के निरीक्षण के बाद कलेक्टर बिदिशा मुखर्जी ने सोमवार को टीकाकरण और सर्वे गतिविधियों में लापरवाही पर नाराजगी व्यक्त की है। CMHO ने स्थिति को देखते हुए क्षेत्र के स्कूल और आंगनवाड़ी केंद्रों को बंद रखने का पत्र कलेक्टर को भेजा था। इसके बाद दो अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी किए हैं। 43 में 21 बच्चे संक्रमित मिले मैहर विकासखंड के देवरी, रैगांव, सेमरा और अजवाइन क्षेत्रों में खसरा के मामले सामने आए हैं। कुल 43 संदिग्ध मामलों की जांच में 21 बच्चों में खसरा की पुष्टि हुई है। इनमें से अधिकांश बच्चे शून्य से पांच वर्ष की आयु वर्ग के हैं। एक तीन वर्षीय बच्चे की मौत भी हो चुकी है। समीक्षा बैठक में कलेक्टर ने पाया कि कुछ उप स्वास्थ्य केंद्रों में कम्युनिटी हेल्थ ऑफिसर (सीएचओ) द्वारा न तो टीकाकरण कार्य किया गया और न ही यूविन पोर्टल पर इसकी प्रविष्टियां दर्ज की गईं। कलेक्टर ने जिम्मेदार कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि समय पर सुधार नहीं हुआ तो विकासखंड और जिला स्तर के अधिकारी भी जवाबदेही से बच नहीं पाएंगे। आशा कार्यकर्ताओं को हटाने के निर्देश यहां के कई क्षेत्रों में घर-घर सर्वेक्षण और बच्चों को टीकाकरण के लिए लाने का काम संतोषजनक नहीं है। कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को ऐसी आशा कार्यकर्ताओं के खिलाफ कार्रवाई करने और आवश्यकता पड़ने पर उन्हें कार्य से हटाने के निर्देश दिए। उन्होंने नियमित टीकाकरण सत्रों के आयोजन और छूटे हुए बच्चों तक पहुंच सुनिश्चित करने पर जोर दिया। बीएमओ और बीपीएम को सभी टीकाकरण सत्रों की निगरानी करने और यूविन पोर्टल पर समय पर प्रविष्टियां दर्ज कराने के निर्देश दिए गए हैं। जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ. सुचित्रा अग्रवाल को 10 दिन बाद स्थिति की समीक्षा करने को कहा गया है। इनको जारी हुए नोटिस मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) डॉ. मनोज शुक्ला ने मैहर जिले के अजमाइन उप स्वास्थ्य केंद्र में पदस्थ सीएचओ पूजा सोनी और एएनएम विमला शुक्ला को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। इन दोनों पर प्रभावित गांवों में सर्वेक्षण, निगरानी और नियंत्रण गतिविधियों में गंभीर लापरवाही बरतने का आरोप है। विभाग ने उनसे दो दिन के भीतर जवाब मांगा है। मामले को गंभीर मानते हुए बीएमओ मैहर डॉ. पीयूष पांडेय ने रिपोर्ट तैयार कर सीएमएचओ को कार्रवाई के लिए भेजी थी। ये भी देखें… मैहर में मीजल्स से 3 साल की मासूम की मौत:6 बच्चे अब भी पीड़ित; सीएमएचओ की आंगनबाड़ी, स्कूल 7 दिन बंद करने का सुझाव मैहर जिले में खसरे का संक्रमण लगातार बढ़ता जा रहा है। जिले के सतना, मैहर, नागौद और मझगवां क्षेत्रों से लगातार नए मामले सामने आ रहे हैं। इस बीच मैहर के अजमाइन गांव में तीन वर्षीय बच्चे की मौत के बाद स्वास्थ्य विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो गए हैं।

Stay Connected
16,985FansLike
2,458FollowersFollow
61,453SubscribersSubscribe
Must Read
Related News

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here