मध्य प्रदेश की राजनीति, नौकरशाही और अन्य घटनाओं पर चुटीली और खरी बात का वीडियो (VIDEO) देखने के लिए ऊपर क्लिक करें। इन खबरों को आप पढ़ भी सकते हैं। ‘बात खरी है’ मंगलवार से रविवार तक हर सुबह 6 बजे से दैनिक भास्कर एप पर मिलेगा। लंबे चले स्वागत क्रम पर गुस्सा हो गए शिवराज सिंह केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान के गुस्से का एक और वीडियो सामने आया है। इसमें वे एक कार्यक्रम में लंबे चले स्वागत क्रम पर नाराजगी जताते नजर आ रहे हैं। दरअसल, इसी हफ्ते विदिशा में ‘खेत बचाओ अभियान’ के तहत खेती-किसानी से जुड़े एक कार्यक्रम का आयोजन किया गया था। कार्यक्रम में मंच पर अतिथियों की लंबी फेहरिस्त थी। एक-एक कर सभी का स्वागत और सम्मान किया जा रहा था। लगातार चल रहे स्वागत क्रम से परेशान होकर केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान सीधे माइक पर पहुंच गए। उन्होंने कहा- अब कोई स्वागत नहीं होगा। इतना स्वागत काफी है। स्वागत में ही समय निकल जाता है, जनता देखती रह जाती है। हालांकि, उनकी समझाइश के बाद भी स्वागत का सिलसिला जारी रहा। इस पर शिवराज सिंह दोबारा माइक पर आए और बोले- इसका स्वागत करो, उसको भेंट करो, इसको भेंट करो… ये सब खत्म करो। कोई बुरा न माने कि मेरा स्वागत नहीं हुआ। जनता के स्वागत में ही हम सबका स्वागत है। उन्होंने मंच पर मौजूद वक्ताओं से भी कम शब्दों में अपनी बात रखने की अपील की। हालांकि, दिलचस्प बात यह रही कि खुद शिवराज सिंह चौहान का संबोधन करीब 38 मिनट तक चला। इसके अलावा स्वागत में समय बर्बाद न करने की नसीहत देने में भी उन्होंने लगभग 4 मिनट लगाए। अब लोग चुटकी ले रहे हैं कि मामा जी का अंदाज ही निराला है। इमरती देवी का दिग्विजय को भाजपा में आने का न्योता पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता दिग्विजय सिंह को भाजपा में शामिल होने का न्योता मिला है। पूर्व मंत्री और भाजपा नेता इमरती देवी ने कहा, ‘भारतीय जनता पार्टी तो समुद्र है। दिग्विजय सिंह आएं, भाजपा में उनका स्वागत है। उनका सम्मान है।’ दरअसल, हाल ही में कांग्रेस नेताओं के बीच खींचतान के कुछ वीडियो सामने आए थे। इसी पर प्रतिक्रिया देते हुए इमरती देवी ने कहा कि जब से जीतू पटवारी ने प्रदेश कांग्रेस की कमान संभाली है, तब से पूरी कांग्रेस डांवाडोल हो गई है। वहां अब वरिष्ठ नेताओं का सम्मान नहीं रहा। हालांकि, कांग्रेस नेताओं ने इमरती देवी के बयान को कोरी कल्पना बताया है। उनका कहना है कि ये सपने में भी नहीं हो सकता। कांग्रेस नेताओं के मुताबिक, भाजपा केवल भ्रम फैलाने की कोशिश कर रही है। दिग्विजय सिंह कट्टर कांग्रेसी हैं और भाजपा की विचारधारा के खिलाफ लगातार संघर्ष कर रहे हैं। दिलचस्प बात यह है कि भाजपा के कई नेता समय-समय पर यह कहते रहे हैं कि जब तक दिग्विजय सिंह कांग्रेस में हैं, भाजपा को राजनीतिक फायदा मिलता रहेगा और पार्टी की जीत की गारंटी बनी रहेगी। अब लोग इसी पर चुटकी ले रहे हैं कि अगर कभी दिग्विजय सिंह सचमुच भाजपा में शामिल हो गए, तो फिर भाजपा नेताओं की इस ‘जीत की गारंटी’ का क्या होगा? न मंत्री, न विधायक.. छुटभैये नेता ने अफसरों का हड़काया मुरैना के सबलगढ़ में भाजपा के नगर मंडल अध्यक्ष बसंत बंसल ने मंच से ही अधिकारियों की जमकर क्लास लगा दी। उन्होंने अफसरों को कड़ी फटकार लगाई। दिलचस्प बात यह है कि बसंत बंसल न तो मंत्री हैं और न ही विधायक। दरअसल, वे सबलगढ़ में आयोजित जनकल्याण शिविर में पहुंचे थे। बताया जा रहा है कि शिविर में कई अधिकारी और कर्मचारी अनुपस्थित थे। इसी बात को लेकर वे नाराज हो गए और मंच से ही अधिकारियों को खरी-खोटी सुनाने लगे। अब लोग सवाल उठा रहे हैं कि आखिर वे किस हैसियत से कार्यक्रम के मंच पर पहुंचे और अधिकारियों को इस तरह फटकार लगाई। वहीं, कर्मचारियों ने भाजपा नेता पर अभद्र भाषा का इस्तेमाल करने का आरोप लगाया है। इस मामले की शिकायत स्थानीय विधायक से लेकर कलेक्टर तक की गई है। हालांकि, अब तक इस मामले में किसी तरह की कार्रवाई नहीं हुई है। अब लोग चुटकी ले रहे हैं कि नेता जी के लिए तो मानो वही कहावत चरितार्थ हो गई- जब सैयां भए कोतवाल, तो डर काहे का। ट्रांसफर किसी और का, परेशान हो रहा कोई और अधिकारी मध्य प्रदेश में हाल ही में जारी आईएएस अधिकारियों की तबादला सूची में मुख्यमंत्री कार्यालय में पदस्थ सचिव स्तर के एक अधिकारी की विदाई हो गई। इस तबादले का सबसे ज्यादा असर खुद उस अधिकारी पर नहीं, बल्कि सचिव स्तर के ही एक दूसरे अधिकारी पर देखने को मिल रहा है। बताया जा रहा है कि ये अधिकारी उन्हें अपना ‘गॉडफादर’ मानते थे। अब उनके मुख्यमंत्री कार्यालय से हटने के बाद साहब खासे परेशान हैं। मंत्रालय के गलियारों में चर्चा है कि वे अब नए ‘गॉडफादर’ की तलाश में जुट गए हैं। इसी सिलसिले में इन दिनों उन्हें मंत्रालय के गलियारों के खूब चक्कर लगाते देखा जा रहा है। इनपुट सहयोग – रामेंद्र परिहार और विजय राठौर (ग्वालियर), राजकुमार बंसल (सबलगढ़)। ये भी पढ़ें… कांग्रेस के मंच पर गूंजा ‘कांग्रेस पार्टी मुर्दाबाद’: ‘दो कौड़ी का’ के बाद अब सीएम बोले- ‘नौसिखिया’ सीएम डॉ. मोहन यादव ने प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी को नया नाम दे दिया। उन्होंने पटवारी को ‘नौसिखिया’ कहा। हालांकि उन्होंने किसी का नाम नहीं लिया, लेकिन उनके बयान से साफ समझा जा सकता है कि इशारा किसकी ओर था। इससे पहले भी सीएम पटवारी को ‘दो कौड़ी का अध्यक्ष’ कह चुके हैं। पढ़ें पूरी खबर…
