शाजापुर जिले के मोहन बड़ोदिया तहसील क्षेत्र के ग्राम निपानिया डेरा फर्स्ट में मंगलवार को एक 63 वर्षीय महिला की अंतिम यात्रा के दौरान ग्रामीणों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। श्मशान घाट तक रास्ता न होने के कारण ग्रामीणों को जेसीबी की मदद से मार्ग बनाना पड़ा। जानकारी के अनुसार, मंगलवार सुबह गांव की 63 वर्षीय सुगन बाई पति राजाराम का निधन हो गया। जब ग्रामीण उनके शव को अंतिम संस्कार के लिए श्मशान घाट ले जाने निकले, तो रास्ते के अभाव में उन्हें कठिनाई हुई। इस स्थिति में ग्रामीणों ने तत्काल एक जेसीबी बुलाई। जेसीबी ने शव यात्रा के आगे-आगे रास्ता बनाया, जबकि ग्रामीण शव को लेकर उसके पीछे चलते रहे। इस प्रकार अंतिम संस्कार संपन्न हो सका। ग्रामीणों का कहना है कि गांव में श्मशान घाट तो बना है, लेकिन वहां तक पहुंचने के लिए कोई स्थायी मार्ग नहीं है। इस कारण हर बार अंतिम यात्रा के दौरान उन्हें ऐसी ही समस्याओं का सामना करना पड़ता है। जल्द कराएंगे निर्माण पंचायत सचिव दिनेश टेलर ने बताया कि ग्रामीणों ने फिलहाल आपसी सहमति से रास्ता तैयार कर लिया है। उन्होंने आश्वासन दिया कि ग्राम पंचायत द्वारा जल्द ही श्मशान मार्ग पर लगभग 5 लाख रुपए की लागत से सीसी रोड का निर्माण कराया जाएगा। ग्रामीणों ने प्रशासन से श्मशान मार्ग का निर्माण कार्य शीघ्र पूरा करने की मांग की है, ताकि भविष्य में किसी भी अंतिम यात्रा में ऐसी असुविधा न हो।
