NEET पेपर लीक मामले को लेकर दिल्ली से शुरू हुआ राजनीतिक विवाद अब मध्य प्रदेश में भी तेज हो गया है। दिल्ली के जंतर-मंतर पर छात्रों के प्रदर्शन के दौरान हुए लाठीचार्ज और प्रधानमंत्री आवास की ओर मार्च के दौरान राहुल गांधी व कांग्रेस नेताओं की गिरफ्तारी के विरोध में प्रदेश में लगातार सियासी गतिरोध बढ़ रहा है। बुधवार को भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल के नेतृत्व में भाजपा कार्यकर्ताओं ने भोपाल स्थित प्रदेश कांग्रेस कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया था। इसके जवाब में गुरुवार को कांग्रेस कार्यकर्ता भाजपा कार्यालय तक पैदल मार्च निकालकर विरोध प्रदर्शन करेंगे। इन मांगों को लेकर होगा प्रदर्शन भोपाल जिला कांग्रेस कमेटी के नेतृत्व में आयोजित इस मार्च में कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता केंद्र सरकार के खिलाफ प्रदर्शन करते हुए कई मांगें उठाएंगे। इनमें प्रमुख रूप से केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग है। वहीं प्रतियोगी परीक्षाओं में हुई कथित गड़बड़ियों पर संसद में तत्काल चर्चा और दिल्ली में छात्रों के शांतिपूर्ण प्रदर्शन के दौरान दर्ज सभी एफआईआर और प्रकरण वापस लेने की मांग रहेगी। कांग्रेस का कहना है कि प्रतियोगी परीक्षाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित करना और छात्रों के अधिकारों की रक्षा करना सरकार की जिम्मेदारी है। वहीं, भाजपा और कांग्रेस के आमने-सामने आने से राजधानी भोपाल में राजनीतिक माहौल गरमा गया है।
