Homeदेशतीन राज्यों की 296 सीटों पर आज वोटिंग:10 लाख पहली बार वोट...

तीन राज्यों की 296 सीटों पर आज वोटिंग:10 लाख पहली बार वोट डालेंगे; असम, केरलम, पुडुचेरी में सुबह 7 बजे से मतदान

देश के तीन राज्यों की 296 सीटों पर आज वोटिंग होगी। असम, केरलम और पुडुचेरी में सुबह 7 बजे से शाम 5 बजे तक वोट डाले जाएंगे। तीनों राज्यों में करीब 10 लाख से ज्यादा वोटर पहली बार मतदान करेंगे। केरलम में 70 साल में पहली बार कोई सीएम हैट्रिक के लिए चुनाव लड़ रहा है। असम में बीजेपी हिमंता बिस्व सरमा के सहारे लगातार तीसरी बार सरकार बनाने का दांव खेल रही है। जबकि पुडुचेरी में कांग्रेस से निकले एन. रंगासामी पांचवी बार सत्ता में काबिज होने की कोशिश कर रहे हैं। असम में 126 सीट पर 41 पार्टियों के 722 उम्मीदवार चुनाव लड़ रहे हैं। वहीं केरलम में 2.71 करोड़ वोटर 890 उम्मीदवारों में से अपना नेता चुनेंगे। पुडुचेरी में 20 पार्टियां के 294 कैंडीडेट अपनी किस्मत आजमाएंगे। अब तीनों राज्यों में चुनावी गणित को समझें… असम: 126 सीट पर 41 पार्टियों के 722 उम्मीदवार असम: 51 साल सत्ता में काबिज रही कांग्रेस, भाजपा की हैट्रिक लगाने की कोशिश असम में एशिया की पहली तेल रिफाइनरी केरलम: केवल पिनराई विजयन लगातार 2 बार सीएम बने केरलम के हर तीसरे परिवार का सदस्य विदेश में रहता पुडुचेरी: हर सीट पर औसतन 10 कैंडिडेट, 31 हजार वोटर पुडुचेरी में 30 विधानसभा सीटे हैं। 20 पार्टियों के 294 कैंडीडेट चुनाव लड़ रहे हैं। यानी कि हर सीट पर औसतन 10 कैंडिडेट मैदान में हैं। पुडुचेरी की राजनीति हमेशा से गठबंधन और दलबदल के लिए जानी जाती रही है। पिछले 25 साल में यहां कभी कांग्रेस का दबदबा रहा, तो कभी कांग्रेस से निकली AINRC का। 2021 में AINRC ने बीजेपी से गठजोड़ कर लिया। ज्यादातर चुनाव यहां दोतरफा रहे, लेकिन तमिल एक्टर विजय की पार्टी TVK की एंट्री से समीकरण बदल सकते हैं। फिर भी ‘AINRC-बीजेपी बनाम कांग्रेस-DMK’ के बीच ही कड़ा मुकाबला होने की संभावना है। पुडुचेरी में 10 में से 7 सीएम कांग्रेस के रहे 1963 में पुडुचेरी विधानसभा का गठन हुआ। तब से अब तक यहां 10 मुख्यमंत्री रह चुके हैं। यहां की राजनीति केंद्र के प्रभाव और स्थानीय गठबंधनों के हिसाब से चलती है। इसी के चलते पुडुचेरी के 7 सीएम कांग्रेस से रहे, जिन्होंने करीब 32 साल सत्ता संभाली। फिर 1970 के दशक में DMK और AIADMK जैसी द्रविड़ पार्टियों की एंट्री हुई। DMK ने 4 बार और AIADMK ने 2 बार सरकार बनाई। इसके बाद फिर कांग्रेस का शासन शुरू हुआ, जो 2011 तक चला। लेकिन कांग्रेस के कद्दावर नेता एन. रंगासामी ने खुद की पार्टी AINRC बना ली और चुनाव जीतकर सत्ता संभाली। एन. रंगासामी एक नेता हैं, जिन्होंने कांग्रेस में रहते हुए और फिर अपनी की पार्टी AINRC बनाकर कुल 4 बार सीएम पद की शपथ ली। 2021 में रंगासामी ने बीजेपी के साथ अलायंस किया और सरकार बनाई। रंगासामी सबसे लंबे वक्त तक करीब 17 साल से सीएम हैं। हालांकि ये लगातार नहीं है। 3 राज्यों के समुद्री इलाकों में फैला है ‘मिनी फ्रांस’

Stay Connected
16,985FansLike
2,458FollowersFollow
61,453SubscribersSubscribe
Must Read
Related News

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here