बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के भगवान श्रीकृष्ण और भगवान राम को लेकर दिए गए बयानों पर विवाद बढ़ता जा रहा है। आजाद समाज पार्टी के नेता और डीपीएएस प्रमुख मंडल दामोदर यादव ने गुरुवार को सोशल मीडिया पर एक वीडियो साझा करते हुए धीरेंद्र शास्त्री पर निशाना साधा। उन्होंने उनकी कथाओं पर स्थायी रोक लगाने की मांग की है। यादव ने कहा कि धीरेंद्र शास्त्री में 90 प्रतिशत सुधार हो चुका है, 10 प्रतिशत काम बाकी है। अब अंतिम कदम उठाया जाएगा। उन्होंने चेतावनी दी कि इसके बाद शास्त्री की दुकान बंद होगी और वे विदेश भागेंगे। दामोदर यादव ने कहा कि वे एक साल से धीरेंद्र शास्त्री का विरोध कर रहे हैं। अब भगवान श्रीकृष्ण को लेकर की गई टिप्पणी के बाद देशभर में यादव समाज के लोग विरोध कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अब उनके साथियों को भी समझ आ रहा है कि वे पहले से ही सही तरीके से विरोध कर रहे थे। यादव ने कहा कि केवल गोलमोल माफी मांगने से काम नहीं चलेगा। धीरेंद्र शास्त्री की कथाओं पर प्रतिबंध लगना चाहिए। उनके खिलाफ दर्ज एफआईआर और आश्रम के आसपास मिली शिकायतों की भी जांच होनी चाहिए। सीएम मोहन यादव इलाज कर दें दामोदर यादव ने कहा कि उन्होंने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव तक स्पष्ट संदेश पहुंचाया है कि वे धीरेंद्र शास्त्री के खिलाफ कार्रवाई करें। उन्होंने कहा, “या तो इसका इलाज आप कर दो, नहीं तो पूरा यादव समाज मिलकर करेगा।” यादव ने मुख्यमंत्री से सवाल किया कि जब वे स्वयं को भगवान श्रीकृष्ण का वंशज मानते हैं, तो इस मामले में सख्त निर्णय क्यों नहीं लेते। उन्होंने कहा कि कार्रवाई नहीं होने पर वे अपने साथियों के साथ धीरेंद्र शास्त्री के आश्रम पर जाकर ताला लगाएंगे। राजा भैया से पूछा- कृष्ण और राम का अपमान आपको स्वीकार है? दामोदर यादव ने कुंडा के राजा भैया को भी निशाने पर लिया। उन्होंने कहा कि उन्हें जानकारी मिली है कि राजा भैया 17 से 20 नवंबर तक धीरेंद्र शास्त्री की कथा करा रहे हैं। यादव ने सवाल किया कि भगवान श्रीकृष्ण के अपमान को क्या वे सनातन और हिंदुत्व का अपमान नहीं मानते? उन्होंने भगवान राम को लेकर की गई टिप्पणी का जिक्र करते हुए कहा कि यदि राजा भैया इसके बाद भी कथा कराते हैं, तो वे इसे ईश्वरीय शक्ति का अपमान करने के रूप में देखेंगे। डीएनए से कृष्ण का वंशज दामोदर यादव ने कहा, “मैं डीएनए से भगवान श्रीकृष्ण का वंशज हूं और विचारों से 100 प्रतिशत अंबेडकरवादी और संविधानवादी हूं। संविधान हमें ताकत देता है कि ऐसे लोगों को ठिकाने लगाने का काम कर सकें।” उन्होंने कहा कि जल्द ही आंदोलन की तारीख और रणनीति की जानकारी दी जाएगी। यादव ने देशभर के यादव समाज और संविधानवादी साथियों से आंदोलन में शामिल होने की अपील की। धीरेंद्र शास्त्री ने भगवान श्रीकृष्ण को लेकर क्या कहा था? 29 अक्टूबर 2026 को मध्यप्रदेश के शिवपुरी जिले के करैरा में श्रीराम कथा के दौरान धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने भगवान श्रीराम और भगवान श्रीकृष्ण की तुलना की थी। उनका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद विवाद शुरू हुआ। कथा के दौरान उन्होंने कहा था कि भगवान राम सीधे खड़े होते हैं, जबकि भगवान श्रीकृष्ण तीन जगह से टेढ़े होकर खड़े होते हैं। उन्होंने कृष्ण की त्रिभंग मुद्रा, बांसुरी और वृंदावन का उल्लेख करते हुए भगवान राम के धनुष और अयोध्या से उनकी तुलना की थी। उनकी टिप्पणी पर ब्रज क्षेत्र के संतों और कृष्ण भक्तों ने आपत्ति जताई। विवाद बढ़ने के बाद धीरेंद्र शास्त्री ने सफाई देते हुए कहा कि उनका भगवान राम और कृष्ण में भेद करने या किसी का अपमान करने का इरादा नहीं था। उन्होंने भावनाएं आहत होने पर माफी भी मांगी। भगवान राम के ‘पांच पिता’ वाले बयान पर भी विवाद धीरेंद्र शास्त्री का भगवान राम के पांच पिता होने संबंधी वीडियो भी नवंबर में चर्चा में आया। वायरल क्लिप में वे कहते सुनाई देते हैं कि भगवान राम के पांच पिता थे। इसे प्रमाणित करने के लिए वे राजा दशरथ की मृत्यु के बाद भगवान राम द्वारा उनकी अंत्येष्टि नहीं किए जाने का प्रसंग बताते हैं।
