कूनो नेशनल पार्क में मादा चीता निर्वा के शावक (KNG22) की गोली मारकर हत्या के मामले में वन विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। चीते की सुरक्षा और निगरानी (ट्रैकिंग) में गंभीर लापरवाही सामने आने पर ग्वालियर सीसीएफ ने चार वनकर्मियों को सस्पेंड कर दिया है। इनमें विजयपुर क्षेत्र के वन परिक्षेत्र अधिकारी जाहर सिंह गौड़, मुरैना के पहाड़गढ़-कैलारस रेंजर आकाश तोमर, कन्हार चौकी प्रभारी डिप्टी रेंजर कीर्ति शांडिल्य और नाकेदार दिनेश मरैया शामिल हैं। जानकारी के मुताबिक, 27 अक्टूबर को मादा चीता निर्वा के शावक की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस मामले की जांच एसटीएफ कर रही है। एसटीएफ ने तीन संदेहियों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। हालांकि, वारदात में इस्तेमाल की गई बंदूक अभी तक बरामद नहीं हो सकी है। पहाड़गढ़ क्षेत्र में मिली थीं खून की तीन बूंदें
इस मामले में पहाड़गढ़ क्षेत्र में चीते के खून की तीन बूंदें मिलने की बात सामने आई है। वन विभाग ने इसे चीते की निगरानी और ट्रैकिंग में गंभीर लापरवाही माना है। इसी आधार पर संबंधित वनकर्मियों की जिम्मेदारी तय करते हुए निलंबन की कार्रवाई की गई है। बंदूक की तलाश में जुटी एसटीएफ
चीते की गोली मारकर हत्या के मामले में एसटीएफ तीन संदेहियों से पूछताछ कर रही है। जांच एजेंसी वारदात में इस्तेमाल हथियार की तलाश में भी जुटी है। फिलहाल बंदूक बरामद नहीं होने से मामले की जांच जारी है। यह खबर भी पढ़ें
चीते की मौत…STF के साथ केंद्रीय कमेटी भी करेगी जांच मध्य प्रदेश के कूनो नेशनल पार्क के 19 माह के नर चीते KNG22 को गोली मारने के मामले की जांच अब मध्य प्रदेश सरकार के विशेष कार्यबल (STF) के साथ केंद्र सरकार की उच्चस्तरीय कमेटी भी करेगी। यह कमेटी जल्द ही मध्य प्रदेश आएगी। पूरी खबर पढ़ें…
