कटनी की फरार सिटी SP नेहा पच्चीसिया की मुश्किलें बरकरार हैं। बुधवार को हाईकोर्ट में उनकी याचिका पर सुनवाई पूरी हो गई। जस्टिस आनंद पाठक और जस्टिस राजकुमार चौबे की युगलपीठ ने एफआईआर निरस्त करने और अग्रिम जमानत देने की मांग पर दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद फैसला सुरक्षित रख लिया। अब हाईकोर्ट के निर्णय का इंतजार है। जमीन के सौदे में भूमिका से किया इनकार पिछली सुनवाई के दौरान नेहा पच्चीसिया की ओर से दलील दी गई थी कि विवादित जमीन की खरीद-फरोख्त में उनकी कोई भूमिका नहीं थी। बचाव पक्ष के मुताबिक, जमीन मारूफ अहमद हनफी के नाम पर खरीदी गई थी और क्षितिज राज पात्रे ने उसके बैंक खाते में राशि ट्रांसफर की थी। नेहा पच्चीसिया के बैंक खाते से इस लेनदेन में कोई भुगतान नहीं हुआ। उनकी ओर से कहा गया कि जमीन के सौदे में उनकी भूमिका साबित करने वाला कोई साक्ष्य नहीं है। इसी आधार पर एफआईआर निरस्त करने और अग्रिम जमानत देने की मांग की गई है। बुधवार को सुनवाई पूरी होने के बाद हाईकोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया। डिफॉल्ट जमानत से जुड़ा है मामला कटनी के कुठला थाना क्षेत्र में धोखाधड़ी सहित अन्य धाराओं के तहत सीएसपी नेहा पच्चीसिया समेत तीन आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज है। पुलिस ने तीनों आरोपियों की गिरफ्तारी पर 10-10 हजार रुपए का इनाम घोषित किया था। मामला कुठला थाना क्षेत्र में दर्ज हत्या के एक प्रकरण से जुड़ा है। आरोप है कि निर्धारित समय-सीमा में चालान पेश नहीं होने के कारण हत्या के आरोपी को डिफॉल्ट जमानत का लाभ मिल गया। आरोपों के मुताबिक, इसके बदले संबंधित आरोपियों की जमीन कम कीमत पर एक एजेंट के नाम से खरीदी गई थी। हालांकि, नेहा पच्चीसिया ने जमीन के सौदे में अपनी भूमिका से इनकार किया है। अब हाईकोर्ट के फैसले से स्पष्ट होगा कि उन्हें एफआईआर निरस्त कराने और अग्रिम जमानत की मांग पर राहत मिलती है या नहीं। एयर होस्टेस से पुलिस अधिकारी बनीं नेहा नेहा पच्चीसिया मध्यप्रदेश के राजगढ़ जिले की पचोर तहसील की रहने वाली हैं। पुलिस सेवा में आने से पहले उन्होंने एयर इंडिया में एयर होस्टेस के तौर पर काम किया था। 12वीं की पढ़ाई के बाद उन्होंने एविएशन की पढ़ाई की और एयरलाइन क्षेत्र में करियर शुरू किया। बाद में उन्होंने सरकारी सेवा में आने का फैसला किया। उन्होंने 2012 में मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग (एमपीपीएससी) की परीक्षा दी थी। 2016 में आए अंतिम परिणाम में उन्हें 20वीं रैंक मिली और वे डीएसपी के रूप में पुलिस सेवा में शामिल हुईं। उनकी पहली पोस्टिंग गुना में सीएसपी के तौर पर हुई। इसके बाद उन्होंने भोपाल स्थित पुलिस मुख्यालय में काम किया और खंडवा में भी तैनात रहीं। मई 2025 में उनका तबादला कटनी किया गया, जहां उन्हें शहर का सीएसपी नियुक्त किया गया। ये खबर भी पढ़ें… कौन हैं नेहा पच्चीसिया, जिन्हें CM ने सस्पेंड किया एयर इंडिया की एयर होस्टेस से पुलिस अफसर बनीं नेहा पच्चीसिया आज FIR और सस्पेंशन के बाद चर्चा में हैं। MPPSC में 20वीं रैंक लाकर पुलिस सेवा में आईं और कटनी की CSP बनीं नेहा पर पहले ट्रांसपोर्टर से कथित वसूली की शिकायत हुई, फिर हत्या के एक केस में लापरवाही और जमीन के सौदे में गड़बड़ी के आरोप सामने आए। अब खुद मुख्यमंत्री ने उन्हें सस्पेंड करने के निर्देश दिए हैं और जांच के लिए CSP ऑफिस भी सीज कर दिया गया है।पूरी खबर पढ़ें
