मोदी सरकार के मंत्रियों का आज से 2 दिन का चिंतन शिविर शुरू हो गया है। यह 24 सितंबर तक चलेगा। इसमें पीएम मोदी कैबिनेट मिनिस्टर्स की दो दिन क्लास लेंगे। पहले दिन हर मिनिस्टर प्रेजेंटेशन देगा। दूसरे दिन रिव्यू होगा। इसकी थीम ‘विकसित भारत 2047’ है। रिव्यू में ग्रेडिंग दी जाएगी। एक्सीलेंट, गुड, एवरेज, पुअर। एक्सीलेंट से लेकर गुड तक ग्रीन जोन में होंगे। एवरेज और उससे नीचे के मंत्री रेड जोन में आ जाएंगे। मतलब उन्हें संकेत मिल जाएगा की कैबिनेट विस्तार में उनकी कुर्सी खतरे में है। ये रिपोर्ट कार्ड कैबिनेट विस्तार में फेरबदल का आधार बनेगा। 5 साल पहले भी हुई थी ऐसी बैठक PM मोदी सितंबर 2021 में भी केंद्रीय मंत्रिपरिषद की ऐसी ही बैठक ले चुके हैं। इसमें मंत्रियों के कामकाज, कार्यकुशलता, समय और संसाधनों के बेहतर इस्तेमाल, योजनाओं की निगरानी और शासन सुधार पर चर्चा हुई थी। इसके बाद नवंबर 2021 में 77 मंत्रियों को आठ समूहों में बांटकर अलग-अलग प्रशासनिक विषयों पर काम आगे बढ़ाने की कवायद भी हुई। प्रेजेंटेशन 4 मुद्दों पर; जेनजी, महिला आरक्षण फोकस मोदी ने 4 साल पहले लाल किला पर विकसित भारत 2047 की बात कही थी पीएम मोदी ने पहली बार 76वें स्वतंत्रता दिवस (15 अगस्त 2022) पर लाल किला से विकसित भारत 2047 की बात की थी। उन्होंने अगले 25 सालों में भारत को पूरी तरह से विकसित देश बनाने का संकल्प लिया था। इससे पहले 2021 में वरिष्ठ अधिकारियों की 10 टीमें बनाई गई थीं। इन टीमों ने देश के विकास का जो डेटा जुटाया है, बैठक में उसी के आधार पर आगे की रणनीति बनेगी। 2021 से चल रही है विकसित भारत की तैयारी विकसित भारत 2047 की तैयारी 2021 से चल रही है। तब सचिवों के 10 सेक्टोरल ग्रुप बनाए गए थे। इन ग्रुप्स को विजन @2047 तैयार करने और कम व लंबे समय की योजनाओं का रोडमैप बनाने की जिम्मेदारी दी गई थी। इसके बाद से अभी तक कैबिनेट ने विकसित भारत के अलग-अलग पहलुओं पर आठ प्रजेंटेशन्स और चर्चाएं की हैं। मंत्रालयों और नीति आयोग के काम की समीक्षा मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, शिविर में सचिवों के समूहों, अलग-अलग मंत्रालयों और विभागों, कैबिनेट सेक्रेटेरिएट और नीति आयोग के काम को एक साथ रखा जाएगा।
