इंदौर के सरकारी सुपर स्पेशएलिटी अस्पताल में मंगलवार शाम को हुए हंगामे का वीडियो सामने आया है। 60 वर्षीय मरीज ताहिरा कपाड़िया की मौत के बाद परिजनों ने ICU में डॉक्टरों से मारपीट की थी। नर्सों को छिपना पड़ा था। पूरा घटनाक्रम शाम 6.30 बजे से शुरू हुआ, जो रात करीब 10.30 बजे तक चला। सामने आए वीडियो में एक महिला जबरन आईसीयू का गेट खोलती दिख रही है। वहीं, दूसरे वीडियो में हंगामे के बीच एक युवक चेजिंग रूम तक घुस गया था, जिसे वहां से बाहर निकाला गया। बताया जा रहा है कि नर्सेस और डॉक्टर आईसीयू के अंदर बने चेंजिग रूम और अन्य कक्ष में दरवाजे को अंदर से लॉक कर बैठे रहे। हंगामे से बचकर बाहर निकलने के लिए नर्सेस ने अपनी यूनिफार्म बदलकर सिविल ड्रेस पहनी और फिर यहां से निकलकर अस्पताल से बाहर निकली। पूरे घटनाक्रम के बीच दूसरे मरीजों में भी दहशत फैल गई थी, एक मरीज तो बेड़ से उठकर बाहर निकल गया। बाद में स्टाफ ने उसे ढूंढकर वापस भर्ती किया। मामले में अस्पताल प्रबंधन ने पुलिस को भी शिकायत का आवेदन भेजा है। अभी भी खौफ जारी
घटना के अगले दिन बुधवार को भी अस्पताल की सुरक्षा बढ़ी रही। अस्पताल में ग्राउंड फ्लोर से लेकर छठीं मंजिल तक बड़ी संख्या में सुरक्षाकर्मी तैनात रहे। नर्सेस भी काम करने में डरने लगी। अस्पताल में प्रवेश करने वाले सभी लोगों से पूछताछ की गई, मुख्य और एमरजेंसी गेट के अलावा सभी गेट बंद कर दिए गए। वाहनों पर भी निगरानी रखी गई। आईसीयू के अंदर रखी दवाई की बोतलें फेंकी
अस्पताल प्रबंधन ने बताया कि हंगामे के बीच आईसीयू के अंदर मरीज के परिजनों ने प्रवेश किया। यहां रखी दवाई की बोतले उन्होंने नीचे फैंक दी। साथ ही काउंटर पर चढ़ने का भी प्रयास किया गया। मामले में स्थिति को संभालने के लिए पुलिस पहुंची और उन्होंने पोस्टमार्टम करवाने का कहा, लेकिन परिजन बिना पोस्टमार्टम के शव को लेकर गए। इस समय आईसीयू में 11 मरीज भर्ती है। आईसीयू में था डर का माहौल
अधीक्षक डॉ. डीके शर्मा ने बताया कि मरीज की एंजियोप्लास्टी की योजना बनाई गई थी। शाम लगभग 5-6 बजे प्रक्रिया शुरू करने वाले थे। प्रक्रिया शुरू की गई और आवश्यक प्रक्रिया के दौरान मरीज को वासोवैगल शॉक हो गया। इसके कारण उसका ब्लड प्रेशर काफी कम हो गया। बाद में वह इसलिए रिकवर कर गया क्योंकि उसके हृदय का रिजर्व अच्छा था और हार्ट की स्थिति ठीक थी। जब ऐसी स्थिति बनी, तो डॉक्टरों को मरीज के परिजनों को स्थिति स्पष्ट रूप से बतानी चाहिए थी। इसके बाद हंगामा शुरू हो गया। जब बाहर से लोग अंदर घुसने की कोशिश कर रहे थे, तो डॉक्टर और नर्स अपनी सुरक्षा के लिए छिपने को मजबूर हो गए। उस समय वहां बहुत डर और तनाव का माहौल था। बेटा बोला- CPR दिया और कुछ देर में मौत
युवक मोईज ने बताया कि मेरी 60 वर्षीय मां ताहिरा कपाड़िया को पिछले रविवार को एमवाय अस्पताल दिल में परेशानी के चलते भर्ती किया गया था। यहां डॉक्टरों ने हार्ट में ब्लॉकेज बताया। इसके बाद करीब चार दिन पहले ऑपरेशन के लिए सुपर स्पेशलिस्ट अस्पताल लेकर आए थे। यहां डॉक्टरों ने स्टेंट डलवाने की बात कही थी। मंगलवार शाम ऑपरेशन के लिए लेकर गए थे। वह स्वस्थ थी और सबसे बात करके गई थी। ऑपरेशन थियेटर में करीब 20 मिनट हुए थे। डॉक्टर बाहर आए और इमरजेंसी होने की बात की। वही निकलकर चले गए। तब उनकी सांसें चल रहीं थी। तभी अस्पताल के नर्सिंग स्टाफ के दो लोगों ने उन्हे सीपीआर दिया। कुछ देर बाद उनकी मौत हो गई। यह खबर भी पढ़ें… इंदौर के हॉस्पिटल में मरीज की मौत, हंगामा इंदौर के सरकारी सुपर स्पेशिएलिटी हॉस्पिटल में मंगलवार शाम को 60 वर्षीय मरीज ताहिरा कपाड़िया की मौत हो गई। गुस्साए परिजन ने डॉक्टरों और नर्सिंग स्टाफ से विवाद शुरू कर दिया। पूरी खबर यहां पढ़ें…
