इंदौर के राजेंद्र नगर पुलिस ने ऑनलाइन सट्टे के मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, तीनों के तार कांग्रेस नेता जीतू पटवारी के भाई नाना पटवारी से जुड़े हैं। कोर्ट में पेश करने के बाद तीनों को दो दिन की पुलिस रिमांड पर लिया गया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान राहुल निबोला निवासी राजेंद्र नगर, सोमप्रित शिंदे और धर्मेंद्र उर्फ धम्मू खिची निवासी द्वारकापुरी के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक, तीनों ऑनलाइन सट्टे के काम में लिप्त थे। नाना के मोबाइल में मिली तीनों की ID पुलिस के अनुसार, जांच के दौरान नाना पटवारी के मोबाइल फोन में तीनों आरोपियों की ID मिली थी। इसी आधार पर पुलिस उनके संपर्क और ऑनलाइन सट्टे से जुड़े नेटवर्क की जानकारी जुटा रही है। पुलिस रिमांड के दौरान तीनों आरोपियों से ऑनलाइन सट्टे के कारोबार में उनकी भूमिका और नाना पटवारी से संपर्क की कड़ियों को लेकर पूछताछ कर रही है। धर्मेंद्र उर्फ धम्मू खिची के खिलाफ पहले से सट्टे का एक मामला दर्ज है। अब तक करीब एक दर्जन गिरफ्तार पुलिस के मुताबिक, ऑनलाइन सट्टे से जुड़े इस मामले में अब तक करीब एक दर्जन लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है। नाना पटवारी भी इस मामले में आरोपी हैं। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ जुआ एक्ट और IT एक्ट की धाराओं में कार्रवाई की है। अन्नपूर्णा का सटोरिया मुख्य आरोपी, जमानत पर बाहर पुलिस ने अन्नपूर्णा इलाके में रहने वाले एक सटोरिए को इस मामले में मुख्य आरोपी बनाया था। उसे गिरफ्तार किया गया था, लेकिन फिलहाल वह जमानत पर बाहर है। राजेंद्र नगर पुलिस अब गिरफ्तार तीनों आरोपियों से रिमांड के दौरान पूछताछ कर रही है। 9 जुलाई को नाना पटवारी को हिरासत में लिया था इस मामले से पहले 9 जुलाई 2026 को इंदौर पुलिस ने नाना पटवारी को हिरासत में लिया था। यह कार्रवाई राजेंद्र नगर थाना क्षेत्र में ब्राउन शुगर के मामले में पकड़े गए दो आरोपियों से पूछताछ के बाद हुई थी। डीसीपी नरेंद्र सिंह रावत ने बताया था कि राजेंद्र नगर पुलिस ने रेतमंडी चौराहा स्थित डी मार्ट के पास से इरफान खान उर्फ गोलू चंदेरी और संजय कौशल उर्फ रॉनी को गिरफ्तार किया था। उनके पास से करीब 10 ग्राम ब्राउन शुगर बरामद हुई थी। पूछताछ में दोनों ने नाना पटवारी और उनके साथी मानव गंगवानी का नाम लिया था। इसके बाद पुलिस ने नाना और मानव को हिरासत में लेकर पूछताछ की थी। बाद में दोनों को छोड़ दिया गया था। नाना पटवारी के खिलाफ 10 केस दर्ज नाना पटवारी के खिलाफ हत्या के प्रयास सहित 10 आपराधिक मामले दर्ज हैं। उन्हें 2023 विधानसभा चुनाव के दौरान भी गिरफ्तार किया गया था। उन पर करीब सात साल पुराने हत्या के प्रयास के मामले में फरार रहने का आरोप था। साल 2025 में इंदौर के तेजाजी नगर थाने में नाना और उनके दो सहयोगियों के खिलाफ FIR दर्ज हुई थी। शिकायतकर्ता नरेंद्र मेहता ने आरोप लगाया था कि उनकी जमीन पर धोखे से कब्जा करने का प्रयास किया गया। विरोध करने पर जान से मारने की धमकी दी गई। 2018 में महिला ने लगाया था गंभीर आरोप नवंबर 2018 में नाना पटवारी पर धारा 354 (क) के तहत केस दर्ज हुआ था। शिकायतकर्ता महिला ने आरोप लगाया था कि नाना के साथ क्रुणाल पटवारी, चेतन पटवारी, सुदील चौधरी, गब्बू पटवारी और अन्य 40-50 लोग कार-बाइक से उसके घर पहुंचे और जबरदस्ती अंदर घुस आए। महिला के मुताबिक, नाना के हाथ में पिस्टल थी, जबकि बाकी लोगों के हाथ में चाकू और तलवार थी। महिला ने नाना पटवारी पर उसका हाथ बुरी नीयत से पकड़ने का आरोप लगाया था। खुशी सुसाइड केस में भी आया था नाम जुलाई 2018 में इंदौर में 37 वर्षीय खुशी कूलवाल ने महालक्ष्मी नगर स्थित अपने फ्लैट में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। पुलिस ने जांच के दौरान उसके करीबी लोगों से पूछताछ की थी। जांच के दौरान कुलभूषण उर्फ नाना पटवारी का नाम भी सामने आया था। हालांकि, पूछताछ के बाद उन पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई थी। ……………………………………. यह खबर भी पढ़ें सट्टा कनेक्शन में नाना पटवारी के तीन साथी रडार पर MD ड्रग्स मामले में गिरफ्तार दो आरोपियों से पूछताछ में नए सुराग मिले हैं। इसके बाद कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष जीतू पटवारी के भाई कुलभूषण उर्फ नाना पटवारी की मुश्किलें बढ़ गई हैं। पुलिस जांच में नाना के मोबाइल से दो ऑनलाइन सट्टा ऐप और तीन संदिग्ध लोगों की जानकारी मिली थी। पढ़ें पूरी खबर…
