मध्यप्रदेश के शिवपुरी में पिछोर से BJP विधायक प्रीतम लोधी ने अपने विरोधियों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने दावा किया कि विरोधी उन्हें रेप केस में फंसाने के लिए महिलाओं को उनके पास भेजते हैं। पहले महिलाओं से बहस कराने की कोशिश की जाती है और फिर मोबाइल से बातचीत या विवाद का वीडियो बनवाया जाता है। विधायक का आरोप है कि इसके बाद इसी वीडियो को उनके खिलाफ इस्तेमाल कर धारा 376 में मामला दर्ज कराने की साजिश रची जा रही है। ‘महिलाओं को भेजकर बहस कराने की कोशिश’ लोधी ने आरोप लगाया कि उनके विरोधी सीधे उनके पास नहीं आते, बल्कि पिछोर के डाकबंगले में महिलाओं को भेजते हैं। उनका दावा है कि इन महिलाओं को उनसे बहस करने या ऐसी बातें कहने के लिए उकसाया जाता है, जिससे वह कोई प्रतिक्रिया दें और बाद में उसी बातचीत का वीडियो उनके खिलाफ इस्तेमाल किया जा सके। एक शख्स मोबाइल लेकर खड़ा रहता है… विधायक के मुताबिक, ऐसी महिलाओं के साथ अक्सर एक व्यक्ति मोबाइल लेकर आसपास खड़ा रहता है। उनका आरोप है कि वह पूरी बातचीत या विवाद को रिकॉर्ड करता है। उन्होंने कहा कि उनके पास पहुंचने वाली कुछ महिलाओं के व्यवहार से उन्हें साजिश का अंदेशा हो जाता है। उन्होंने दावा किया कि महिलाओं को उन्हें बहकाकर फंसाने और बाद में दुष्कर्म का झूठा आरोप लगाकर धारा 376 में मामला दर्ज कराने के इरादे से भेजा जाता है। बेटे को भी निशाना बनाने का आरोप प्रीतम लोधी ने अपने बेटे राकेश लोधी का भी जिक्र किया। उन्होंने आरोप लगाया कि विरोधी इसी तरह की रणनीति अपनाकर उनके बेटे को भी फंसाने की कोशिश करते हैं। विधायक ने बेटे को ऐसे मामलों में सतर्क रहने की सलाह दी। विधायक ने यह भी दावा किया कि डाकबंगले पर पहुंची एक महिला ने उन्हें कथित तौर पर इस साजिश की जानकारी खुद दी थी। अहिल्याबाई की प्रतिमा क्षतिग्रस्त होने के विरोध में सभा दरअसल, 14 अगस्त की रात खनियाधाना में अहिल्याबाई की प्रतिमा क्षतिग्रस्त किए जाने के बाद पाल-बघेल समाज में आक्रोश है। इसी के विरोध में 20 अगस्त को समाज की ओर से आक्रोश आंदोलन आयोजित किया गया था। विधायक प्रीतम लोधी भी आंदोलन में शामिल हुए और मंच से समाज को संबोधित किया। इसी दौरान उन्होंने अपने विरोधियों पर लगाए गए इन आरोपों का जिक्र किया।
