मध्य प्रदेश में मानसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है और मौसम विभाग ने अगले चार दिनों तक प्रदेश के कई जिलों, जिनमें विदिशा भी शामिल है, में अच्छी बारिश की संभावना जताई है। हालिया बारिश से मौसम सुहाना हो गया है और किसानों को राहत मिली है, लेकिन आंकड़े बताते हैं कि इस बार का मानसून अब भी पिछले वर्ष की तुलना में काफी कमजोर बना हुआ है। पिछले साल से 375 मिमी कम बारिश भू-संसाधन प्रबंधन विभाग की 30 जुलाई की रिपोर्ट के अनुसार, 1 जून से अब तक जिले में औसतन 383.6 मिमी बारिश दर्ज की गई है। पिछले वर्ष इसी अवधि तक 758.9 मिमी वर्षा रिकॉर्ड हुई थी। यानी इस बार अब तक जिले में करीब 375 मिमी कम बारिश हुई है। यही वजह है कि हालिया बारिश के बावजूद जिले में मानसून का कुल प्रदर्शन अभी संतोषजनक नहीं माना जा रहा। रातभर हुई बारिश से मौसम बदला मंगलवार शाम से शुरू हुआ बारिश का सिलसिला बुधवार को बूंदाबांदी के रूप में जारी रहा। देर रात करीब 12 बजे के बाद बारिश तेज हुई और गुरुवार सुबह तक रुक-रुककर होती रही। इस बारिश से तापमान में गिरावट आई और कई दिनों से बनी उमस व गर्मी से लोगों को राहत मिली। खरीफ फसलों में लौटी जान बारिश का सबसे बड़ा फायदा किसानों को मिला है। जिन खेतों में नमी कम होने लगी थी, वहां फिर से पर्याप्त नमी पहुंच गई है। विशेष रूप से सोयाबीन सहित खरीफ फसलों की बढ़वार के लिए यह बारिश लाभदायक मानी जा रही है। कृषि विशेषज्ञों का मानना है कि यदि अगले कुछ दिनों तक इसी तरह बारिश जारी रही तो फसल की स्थिति और बेहतर होगी। बासौदा सबसे आगे, गुलाबगंज सबसे पीछे जिले में बारिश का वितरण भी समान नहीं रहा है। बासौदा में अब तक 518.2 मिमी वर्षा दर्ज की गई है, जो जिले में सबसे अधिक है। वहीं गुलाबगंज में केवल 264 मिमी बारिश हुई है, जो सबसे कम है। अन्य तहसीलों में वर्षा का आंकड़ा इस प्रकार है— अगले चार दिन अहम मौसम विभाग के अनुसार, प्रदेश में सक्रिय मानसूनी सिस्टम के कारण अगले चार दिनों तक विदिशा जिले में अच्छी बारिश की संभावना बनी हुई है। यदि पूर्वानुमान के अनुरूप बारिश होती है, तो न केवल बारिश के आंकड़ों में सुधार होगा, बल्कि जलाशयों के जलस्तर और खरीफ फसलों की स्थिति में भी सकारात्मक बदलाव देखने को मिल सकता है।
