पटेरा के ग्राम राजाबंदी स्थित नेताजी सुभाष चंद्र बोस बालिका छात्रावास के जर्जर भवन की छत का प्लास्टर बुधवार शाम गिरने से 8 छात्राएं घायल हो गईं। स्थानीय लोगों की मदद से घायलों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पटेरा पहुंचाया गया, जहां डॉ. अभिषेक पटेल ने गंभीर रूप से घायल 6 छात्राओं को जिला अस्पताल रेफर कर दिया। घटना की सूचना पर एसडीएम राकेश मरकाम, तहसीलदार उमेश तिवारी, नायब तहसीलदार मानसी अग्रवाल और थाना प्रभारी धर्मेंद्र गुर्जर ने अस्पताल पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया। ग्रामीणों का आरोप है कि वर्ष 2010-11 के इस भवन की जर्जर स्थिति को लेकर पूर्व में डिप्टी कलेक्टर, तहसीलदार और डीपीसी को लिखित शिकायतें दी गई थीं, लेकिन अनदेखी की गई। बारिश के कारण पानी टपकने से यह तीसरी बार प्लास्टर गिरा है। 50 छात्राओं वाले इस छात्रावास में वार्डन अक्सर अनुपस्थित रहती हैं। जिला पंचायत कार्यालय द्वारा 3 जून को जर्जर भवनों का उपयोग न करने के निर्देश दिए गए थे। आदेशों की अवहेलना और लापरवाही को लेकर सीईओ जिला पंचायत प्रवीण फुलपगारे ने वार्डन सीता स्वामी तिवारी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। निलंबन अवधि में उनका मुख्यालय बीईओ कार्यालय दमोह तय किया गया है, जबकि सहायक वार्डन जुलेखा बी को अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। हादसे में ये मासूम छात्राएं हुईं घायल
हादसे में घायल छात्राओं में शिक्षा (10) पिता रामप्रसाद सेन, ज्योति (12) पिता अनरथ सिंह, काजल (12) पिता जितेंद्र अहिरवार, बबली (12) पिता प्रकाश पटेल, लक्ष्मी (12) पिता लीला वर्मन, रश्मि (12) पिता कल्याण आदिवासी, अनामिका (11) पिता राघवेंद्र और लक्ष्मी (11) पिता बैजू अहिरवार शामिल हैं। इस मामले में बीईओ मुकेश गुर्जर और तहसीलदार उमेश तिवारी का कहना है कि लापरवाही की जांच कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी।
