2600 करोड़ रुपए से बन रहे उज्जैन-गरोठ हाईवे की गुणवत्ता पर एक बार फिर सवालिया निशान लग गया। 7 माह के अंतराल में देवास रोड से रेलवे पटरी के बीच वाला हाईवे का हिस्सा फिर धंस गया। इसको लेकर एनएचएआई अफसरों ने 17 मीटर ऊंचाई पर बने हाईवे के करीब 500 मीटर हिस्से को तोड़कर फिर से बनाने की ठान ली है। एनएचएआई अफसरों ने निर्माण एजेंसी को फटकार लगाते हुए देवास रोड ब्रिज से लेकर रेलवे के निर्माणाधीन पुलिया के बीच वाले करीब 500 मीटर हिस्से को तोड़कर फिर से हाईवे निर्माण कराने का अल्टीमेटम दे डाला। इधर, अफसरों के निर्देश के बाद निर्माण एजेंसी जीएचवी कंस्ट्रक्शन ने सोमवार को 2 जेसीबी लगाकर सड़क की खुदाई शुरू करवा दी। इधर, जीएचवी कंपनी के सीनियर इंजीनियर अमित राय ने बताया कि हाईवे धंसा नहीं था। विभाग की थर्ड पार्टी टीम ने कुछ तकनीकी खामी बताई थी। इस कारण यह हिस्सा तोड़ रहे है। उज्जैन-गरोठ हाईवे पर देवास रोड ब्रिज के पास वाले हिस्से को तोड़कर फिर से बनवाया जाएगा। कोशिश रहेगी कि 31 मार्च तक हाईवे पर ट्रैफिक शुरू हो जाए।’
– शिवम शर्मा, पीडी एनएचएआई उज्जैन
