उत्तराखंड के हल्द्वानी में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की रैली के बाद मंच के कथित ‘शुद्धिकरण’ और नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के खिलाफ दर्ज एफआईआर के विरोध में कांग्रेस ने सोमवार शाम खंडवा में पैदल मार्च निकाला। कांग्रेस ने भाजपा पर दलित विरोधी मानसिकता को बढ़ावा देने का आरोप लगाते हुए जमकर नारेबाजी की। कांग्रेस कार्यकर्ताओं का कहना था कि, खड़गे की सभा के बाद मंच का शुद्धिकरण किया जाना केवल एक व्यक्ति का अपमान नहीं, बल्कि दलित समाज, संविधान और सामाजिक समानता की भावना का अपमान है। वहीं, इस मुद्दे पर आवाज उठाने वाले राहुल गांधी के खिलाफ एफआईआर दर्ज करना लोकतांत्रिक आवाज को दबाने का प्रयास है। गांधी प्रतिमा से शुरू हुआ मार्च, अंबेडकर चौक पर हुआ समापन
भाजपा की कथित दलित विरोधी मानसिकता और राहुल गांधी के खिलाफ दर्ज एफआईआर के विरोध में कांग्रेस परिवार ने सोमवार शाम विरोध प्रदर्शन किया। मार्च की शुरुआत नगर निगम तिराहे स्थित राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की प्रतिमा से हुई। कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता हाथों में तख्तियां लेकर तथा नारे लगाते हुए शहर के प्रमुख मार्गों से होते हुए जिला अस्पताल के सामने स्थित अंबेडकर चौक पहुंचे। मार्च के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने भेदभाव, छुआछूत और दलित विरोधी मानसिकता के खिलाफ आवाज बुलंद की। अंबेडकर चौक पहुंचने के बाद मार्च का समापन डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर की प्रतिमा के समक्ष हुआ। यहां कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने बाबा साहेब को नमन किया तथा सामाजिक समानता, सम्मान और संविधान की रक्षा का संकल्प लिया। कहा- शुद्धिकरण दलितों का अपमान
जिला कांग्रेस अध्यक्ष (ग्रामीण) उत्तमपाल सिंह ने कहा कि खड़गे जी के मंच का शुद्धिकरण दलितों का अपमान है और राहुल गांधी के खिलाफ एफआईआर लोकतंत्र की आवाज दबाने का प्रयास है। उन्होंने कहा कि डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर के विचारों और संविधान में विश्वास रखने वाले कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की सभा के बाद मंच का शुद्धिकरण किया जाना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। उनके मुताबिक यह केवल किसी एक व्यक्ति का अपमान नहीं, बल्कि दलित समाज, संविधान और सामाजिक समानता की भावना का अपमान है। उत्तमपाल सिंह ने कहा कि राहुल गांधी के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने से कांग्रेस की आवाज को दबाया नहीं जा सकता। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी वंचितों, युवाओं, किसानों और महिलाओं से जुड़े मुद्दों को लगातार उठा रहे हैं। जब कांग्रेस जनता से जुड़े सवाल उठाती है तो भाजपा मुद्दों का जवाब देने के बजाय जांच, एफआईआर और कार्रवाई का सहारा लेती है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस कार्यकर्ता डरने या झुकने वाले नहीं हैं। भेदभाव और छुआछूत के खिलाफ पार्टी की लड़ाई सड़क से लेकर सदन तक जारी रहेगी। प्रतिभा रघुवंशी बोलीं- आवाज उठाने पर FIR
जिला कांग्रेस अध्यक्ष (शहर) प्रतिभा रघुवंशी ने कहा कि कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे की रैली के बाद मंच का शुद्धिकरण कराया गया। उन्होंने कहा कि नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने इसी कथित दलित विरोधी मानसिकता के खिलाफ आवाज उठाई, लेकिन उनके खिलाफ ही एफआईआर दर्ज कर दी गई। उन्होंने आरोप लगाया कि इससे संदेश साफ है कि दलितों के अपमान के खिलाफ आवाज उठाने वालों को ही निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि भाजपा और आरएसएस की राजनीति पर कांग्रेस लगातार सवाल उठाती रही है और दलित, आदिवासी, पिछड़े एवं वंचित समाज की आवाज को दबाने की कोशिशों का विरोध करती रहेगी। कांग्रेस ने कहा- सामाजिक भेदभाव के लिए आधुनिक भारत में जगह नहीं
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने कहा कि लोकतंत्र में प्रत्येक वर्ग को सम्मान और समान अधिकार मिलना चाहिए। सामाजिक भेदभाव और छुआछूत जैसी मानसिकता के लिए आधुनिक भारत में कोई स्थान नहीं है। कार्यकर्ताओं ने संविधान और बाबा साहेब आंबेडकर के विचारों का हवाला देते हुए सामाजिक बराबरी, सम्मान और न्याय की बात कही। प्रदर्शन के दौरान भाजपा के खिलाफ नारेबाजी भी की गई। इस दौरान ब्लॉक अध्यक्ष विशाल जैन, इमरान गौरी, दीपक मुल्लू राठौर, राजू सुनगत, प्रेमांशु जैन, पवन पाटीदार, चंदन राजपूत, शब्बीर कादरी, संजीव पटेल, नमेश बारे आदि मौजूद थे।
