मैंने हाथ-पैर जोड़े, लेकिन शूटर ने मुझे धक्का देकर गिरा दिया। मम्मी पर गोली चला दी। मम्मी एक गोली लगते ही गिर गईं, फिर उसने दूसरी गोली मारी। मुरैना के अंबाह में गोली लगने से घायल अर्चना तोमर की बड़ी बेटी साक्षी तोमर ने वारदात की आंखों देखी बताई। 13 अक्टूबर को घर में घुसकर अर्चना को गोली मारी गई थी। आठ दिन तक इलाज चलने के बाद गुरुवार सुबह उनकी मौत हो गई। अर्चना इंस्टाग्राम पर रील्स बनाती थीं। उनकी एक रील में कहा था- घमंड नहीं, गुरूर है खुद पर। आज तक किसी के पैसे देखकर इम्प्रेस नहीं हुई। एक अन्य रील में उन्होंने बिना बात पंचायती करने वालों को आमने-सामने मुकाबले की चुनौती दी थी। पुलिस इन पोस्ट की भी जांच कर रही है। बेटी ने भास्कर डिजिटल के रिपोर्टर को बताई आंखों देखी साक्षी ने बताया कि वह ट्यूशन से लौटकर अपनी स्कूटी निकाल रही थी। तभी कुछ लोग घर में घुसे। एक गेट के पास खड़ा रहा, जबकि दूसरा अंदर चला गया। अंदर आए युवक ने बंदूक निकाली। उसे रोकने के लिए हाथ-पैर जोड़े, लेकिन उसने उसे धक्का देकर गिरा दिया। मैं गली में चिल्लाती रही। रिपोर्टर- क्या आप किसी को पहचानती हैं? साक्षी- एक रवि नाम का लड़का है। दो-तीन बार गली में आया था। रिपोर्टर- रवि कहां का रहने वाला है? साक्षी- मुझे नहीं पता। मैंने उसका नाम रवि सुना है। पूरा नाम नहीं जानती। उसे दो-तीन बार गली में देखा था। एक बार खजूरी रोड पर भी देखा था। छोटी बेटी बोली- नीली टी-शर्ट पहने युवक सीधे कमरे में पहुंचा अर्चना की दूसरी बेटी दीपली ने बताया कि नीली टी-शर्ट पहने युवक घर में घुसा और सीधे उस कमरे में पहुंचा, जहां मां थीं। वारदात 13 अक्टूबर की शाम करीब 7 बजे खजूरी रोड स्थित घर में हुई थी। उस समय अर्चना अपने तीनों बच्चों के साथ कमरे में थीं, जबकि उनकी सास दूसरे कमरे में सो रही थीं। घर के दरवाजे की कुंडी अंदर से खुली हुई थी। वारदात के बाद आरोपी गली से भाग निकला। पहले अंबाह, फिर मुरैना और ग्वालियर में चला इलाज गोली लगने के बाद अर्चना को पहले अंबाह सिविल अस्पताल ले जाया गया। हालत गंभीर होने पर उन्हें मुरैना जिला अस्पताल और फिर ग्वालियर रेफर किया गया। अंबाह सिविल अस्पताल की ड्यूटी डॉक्टर डॉ. श्रुति जैन ने बताया- महिला के आंख के पास और सिर में गंभीर चोट थी। अस्पताल लाए जाने पर उनका चेहरा और आंख काफी सूजे हुए थे। उनका ब्लड प्रेशर भी कुछ बढ़ा हुआ था। पति प्राइवेट कंपनी में करते हैं नौकरी अर्चना के पति शैलेंद्र तोमर खंडवा में प्राइवेट नौकरी करते हैं। घटना के समय वह घर पर नहीं थे। गुरुवार सुबह अर्चना की मौत के बाद शव अंबाह लाया गया। इस दौरान परिजन ने सड़क पर जाम लगाने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने उन्हें रोक दिया। इंस्टाग्राम अकाउंट की भी जांच कर रही पुलिस अर्चना की रील्स में प्यार, आत्मसम्मान और बिना बात पंचायती करने वालों को लेकर लिखी बातें थीं। पुलिस उनके इंस्टाग्राम अकाउंट, पोस्ट और रील्स की जांच कर रही है। ये बातें उन्होंने किसके लिए लिखी थीं और क्या उनका किसी से विवाद था, यह फिलहाल स्पष्ट नहीं है। CCTV और कॉल डिटेल से आरोपी की तलाश पुलिस के मुताबिक, CCTV फुटेज में कुछ संदिग्ध नजर आए हैं। उनकी पहचान और गतिविधियों का पता लगाने के लिए टीमें लगाई गई हैं। कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) समेत दूसरे सुरागों की जांच कर रही है। संदिग्धों से पूछताछ के लिए एक टीम ग्वालियर भी भेजे जाने की जानकारी सामने आई थी। SDOP बोले- हत्या की धाराएं जोड़ी जाएंगी अंबाह SDOP प्रशांत भदौरिया ने बताया- पुलिस लोगों से पूछताछ कर रही है। मामले से जुड़े सुराग जुटा रही है। शुरुआत में मामला हत्या के प्रयास के तहत दर्ज किया गया था। अर्चना की मौत के बाद अब इसमें हत्या की धाराएं जोड़ी जाएंगी। ………………………. यह खबर भी पढ़ें ग्वालियर में 8 दिन इलाज के बाद महिला की मौत अंबाह थाना क्षेत्र के खजूरी रोड गोली लगने से घायल हुई महिला की आठ दिन बाद ग्वालियर अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। महिला अर्चना उर्फ बानू तोमर को 13 अक्टूबर की शाम एक युवक ने ने घर में घुसकर गोली मारी थी। घटना के 8 दिन बाद भी अंबाह पुलिस किसी आरोपी को गिरफ्तार नहीं कर पाई है। पढ़ें पूरी खबर…
