मंदसौर की नई आबादी थाना पुलिस ने सिंथेटिक ड्रग्स के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए अवैध रूप से संचालित एमडी ड्रग निर्माण फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया है। मंगलवार को ग्राम बाजखेड़ी के निकट खेतों के बीच बने एक पक्के मकान पर दबिश देकर पुलिस ने 13 किलो 850 ग्राम एमडी ड्रग्स, 9 किलो 109 ग्राम केमिकल और ड्रग निर्माण में प्रयुक्त उपकरण बरामद किए हैं। मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि एक आरोपी फरार है जिसकी तलाश जारी है। वहीं मामले का खुलासा पुलिस ने बुधवार सुबह किया। एसपी विनोद कुमार मीना के निर्देशन में गठित विशेष टीम को विश्वसनीय मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई थी कि नई आबादी थाना क्षेत्र के ग्राम बाजखेड़ी में खेतों के बीच बने एक मकान में बड़े पैमाने पर सिंथेटिक मादक पदार्थों का निर्माण किया जा रहा है। सूचना के आधार पर पुलिस ने योजनाबद्ध तरीके से मौके पर दबिश देकर तलाशी ली तो वहां अवैध रूप से संचालित एमडी ड्रग निर्माण इकाई का खुलासा हुआ। ड्रग्स बनाने के उपकरण और केमिकल भी मिले कार्रवाई के दौरान पुलिस ने मौके से 13 किलो 850 ग्राम एमडी ड्रग्स के अलावा 9 किलो 109 ग्राम रासायनिक पदार्थ (केमिकल) जब्त किए। साथ ही ड्रग निर्माण में प्रयुक्त 2 स्टील के बड़े मटके, 3 स्टील के चम्मच, एक स्टील का तपेला, एक स्टील की तपेली, एक सेंट्रीफ्यूगल मशीन, एक इलेक्ट्रिक इंडक्शन, एक इलेक्ट्रॉनिक तौल कांटा, एक प्लास्टिक ड्रम, तीन प्लास्टिक बाल्टियां, ड्रग्स सुखाने में उपयोग की जाने वाली हैलोजन लाइटें तथा अन्य सामग्री भी बरामद की गई। पुलिस ने मौके से दो आरोपी सदाकत पिता लियाकत खान (41 वर्ष), निवासी अरोरा कॉलोनी, पटेल नगर, संजीत नाका, मंदसौर और आरिफ पिता नियाज अजमेरी (33 वर्ष), निवासी बाजखेड़ी को गिरफ्तार किया है वहीं ताहिर पिता फकरुद्दीन अजमेरी, निवासी बाजखेड़ी फरार है, जिसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमों को रवाना किया गया है। लंबे समय से फैक्ट्री संचालित होने की आशंका प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी बाहर से कच्चा माल लाकर खेत पर बनी इस फैक्ट्री में एमडी जैसे सिंथेटिक मादक पदार्थ तैयार करते थे। तैयार माल को जिले सहित अन्य क्षेत्रों में सप्लाई किया जाता था। पुलिस को आशंका है कि यह फैक्ट्री लंबे समय से संचालित हो रही थी और इसके जरिए बड़े स्तर पर ड्रग्स का कारोबार किया जा रहा था। गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के आधार पर पुलिस अब ड्रग्स के निर्माण, परिवहन और वितरण से जुड़े पूरे नेटवर्क की जांच कर रही है। यह भी पता लगाया जा रहा है कि कच्चा माल कहां से लाया जाता था और तैयार ड्रग्स किन-किन क्षेत्रों में भेजी जाती थी। पुलिस का मानना है कि जांच में इस रैकेट से जुड़े कई अन्य लोगों के नाम भी सामने आ सकते हैं। मामले में थाना नई आबादी पर अपराध क्रमांक 115/2026 दर्ज कर धारा 8/22/25/29 एनडीपीएस एक्ट के तहत प्रकरण कायम किया गया है। जब्त की गई समस्त सामग्री को विधिवत कब्जे में लेकर विवेचना शुरू कर दी गई है। एसपी बोले – पूरे नेटवर्क को किया जाएगा ध्वस्त बुधवार को आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में एसपी विनोद कुमार मीना ने बताया कि सूचना मिलने पर पुलिस ने बाजखेड़ी गांव स्थित फैक्ट्री पर कार्रवाई की थी। मौके से 13 किलो 850 ग्राम एमडी ड्रग्स, करीब 19 किलो केमिकल तथा ड्रग्स निर्माण में उपयोग होने वाले उपकरण बरामद किए गए हैं। दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है जबकि एक आरोपी फरार है। एसपी ने कहा कि ड्रग्स के सप्लाई और डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क को पूरी तरह ध्वस्त किया जाएगा। उन्होंने बताया कि इस बात से इनकार नहीं किया जा सकता कि आरोपी लंबे समय से मादक पदार्थों के निर्माण में संलिप्त थे। पूरे मामले की गहन जांच जारी है और जैसे-जैसे तथ्य सामने आएंगे, आगे की कार्रवाई की जाएगी। इन अधिकारियों की रही प्रमुख भूमिका इस पूरी कार्रवाई में मल्हारगढ़ थाना प्रभारी अनिल रघुवंशी, नई आबादी थाना प्रभारी कुलदीप सिंह राठौर, शामगढ़ थाना प्रभारी कपिल सौराष्ट्रीय, उपनिरीक्षक विकास गेहलोत, उपनिरीक्षक विनय बुंदेला सहित नई आबादी थाना पुलिस टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
