ट्विशा शर्मा की मौत की गुत्थी सुलझाने में जुटी सीबीआई ने सोमवार को घटनास्थल पर क्राइम सीन रीक्रिएशन किया। एजेंसी ट्विशा की लंबाई और वजन के अनुरूप डमी पुतला, वजन बढ़ाने वाला मटेरियल और वेट मशीन लेकर पूर्व जिला जज गिरिबाला सिंह के घर पहुंची। करीब साढ़े तीन घंटे चली कार्रवाई में 12 मई की रात के घटनाक्रम को दोहराकर बयानों और मौके की परिस्थितियों का मिलान किया गया। टीम दूसरी मंजिल पर उस शेड के नीचे पहुंची, जहां ट्विशा का शव फंदे पर मिला था। डमी को ट्विशा के वजन के बराबर तैयार कर फंदे की ऊंचाई, शव की संभावित स्थिति का परीक्षण किया गया। पहली बार सामने आया कि फंदे से शरीर को नीचे उतारते समय समर्थ उसे ऊपर उठाकर संभाले खड़े थे, जबकि पास रखे पलंग पर चढ़कर गिरिबाला ने गले का फंदा खोला था। इसके बाद डमी को पलंग पर लिटाया गया। समर्थ के बड़े भाई सिद्धार्थ, शव को नीचे उतारने वाले नौकर व समर्थ के कजिन से भी पूछताछ की गई। शरीर पर चोटों का जवाब नहीं : रीक्रिएशन में ट्विशा के शरीर पर 6 चोटों की वजह साफ नहीं हुई। रीक्रिएशन में पलंग दिखा, पर शुरुआती पुलिस थ्योरी में जिस पेटी का जिक्र था, उसकी भूमिका स्पष्ट नहीं है। सबसे बड़ी बात है कि यह पेटी जब्ती सूची में भी नहीं है। पूछताछ के बीच भड़का समर्थ, जांच टीम को उंगली दिखाई, गिरिबाला भी समझाती दिखी रीक्रिएशन के दौरान जब डमी को नीचे उतारकर पलंग पर लिटाया गया, तब सीबीआई ने समर्थ से घटनाक्रम को लेकर सवाल-जवाब किए। कुछ सवालों पर समर्थ अचानक नाराज हो गए। उन्हें जांच टीम की ओर उंगली दिखाकर आपत्ति जताते और कार्रवाई बीच में छोड़कर जाते देखा गया। समर्थ तेजी से दूसरी मंजिल से नीचे उतरने लगे, लेकिन अधिकारियों ने उन्हें वापस बुलाया और पूछताछ दोबारा शुरू की। गिरिबाला भी एक मौके पर सिर पकड़कर जांच टीम के सामने अपनी बात समझाती दिखाई दीं। समर्थ के दोस्तों पर गवाह को पीटने का आरोप मामले में एसआईटी के पंचनामा गवाह नीरज दुबे ने आरोप लगाया है कि मुख्य आरोपी समर्थ सिंह के दोस्त संदीप भट्टाचार्य और उसके साथियों ने उन पर हमला किया। नीरज का दावा है कि केस में गवाही देने पर उन्हें धमकाया गया। उन्होंने कटारा हिल्स थाने में नामजद शिकायत की है। लिगेचर बेल्ट देर से क्यों सौंपी, आईओ से भी होगा सवाल: सीबीआई की टीम कटारा हिल्स थाने के विवेचना अधिकारी दिनेश शर्मा से भी सवाल-जवाब कर सकती है। ऐसा इसलिए, क्योंकि लिगेचर बेल्ट घटना के तीन दिन बाद जब्त की गई थी। वहीं, मंगलवार को इस मामले में आरोपी मां-बेटे की रिमांड अवधि खत्म हो रही है। सीबीआई की टीम दोनों को मंगलवार को अदालत में पेश करेगी।
