नर्मदापुरम जिले के सिवनी मालवा में खाद की मांग को लेकर किए गए धरना-प्रदर्शन और चक्काजाम के मामले में पुलिस ने दो किसान नेताओं समेत 8 लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की है। दरअसल, 10 अगस्त को तहसील कार्यालय के सामने धरना-प्रदर्शन के बाद करीब एक घंटे तक हाईवे पर चक्काजाम किया गया था। तहसीलदार कार्यालय से मिली शिकायत के आधार पर 11 अगस्त को पुलिस ने केस दर्ज किया। पुलिस को दिए आवेदन के अनुसार, सरकार के नियमों के तहत डबल लॉक केंद्र के जरिए खाद का वितरण किया जा रहा है। किसानों को खाद वितरण की व्यवस्था के बारे में जानकारी भी दी गई थी। शिकायत में कहा गया है कि इसके बावजूद 10 अगस्त को कुछ लोगों ने ग्रामीणों को जुटाकर तहसील परिसर में धरना दिया और इसके बाद हाईवे पर चक्काजाम किया। FIR से कांग्रेस नाराज मामले में कांग्रेस ने FIR दर्ज होने पर नाराजगी जताई है। कांग्रेस जिलाध्यक्ष शिवाकांत पांडे ने बुधवार को कहा कि किसानों और आम जनता की जायज मांगों को लेकर धरना-प्रदर्शन करना संवैधानिक अधिकार है। उन्होंने कहा कि समर्थन मूल्य पर मूंग का कोटा बढ़ाने, खरीदी केंद्रों की अव्यवस्था और खाद वितरण की व्यवस्था को लेकर किसान अपनी मांग उठा रहे हैं। सिवनी मालवा में खाद के लिए चक्काजाम करने पर कांग्रेस पदाधिकारी अजय पटेल और अन्य कार्यकर्ताओं के खिलाफ केस दर्ज किया गया है, जो गलत है। शिवाकांत पांडे ने आरोप लगाया कि प्रशासन कार्रवाई कर आंदोलनकारियों को डराने की कोशिश कर रहा है। कांग्रेस ने कई जगह FIR का दावा किया कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने कहा कि किसान आंदोलन के दौरान जिले में कई स्थानों पर एफआईआर दर्ज की गई हैं। उन्होंने प्रशासन से किसानों की मांगों पर कार्रवाई करने और आंदोलन के दौरान दर्ज मामलों को लेकर पुनर्विचार करने की मांग की। इन लोगों के नाम FIR में पुलिस ने जिन लोगों के खिलाफ नामजद मामला दर्ज किया है, उनमें किसान नेता अजय पटेल निवासी बलराम पटेल कॉलोनी, किसान नेता अजय भाटी निवासी पाठक कॉलोनी, बनापुरा, शैलेन्द्र हरियाले, लव हनुमतिया निवासी धरमकुंडी, रेवाराम निवासी बावरीघाट, शिवशंकर हरियाले और रोहित राजपूत निवासी नाहरकोला कलां शामिल हैं। शिकायत में कुछ अन्य लोगों के नाम भी शामिल किए गए हैं।
