डिंडौरी जिले के निगवानी वेयर हाउस के ओपन कैंप में रखी हजारों क्विंटल धान बारिश के कारण खराब हो गई है। धान के बारदाने सड़ चुके हैं और कई जगह धान अंकुरित हो गई है। मजदूर खराब और सही धान को अलग करने का काम कर रहे हैं, जबकि अधिकारी खराब धान की नीलामी करवाने की बात कह रहे हैं। वेयर हाउस में मौजूद 3 हजार बोरियां वेयर हाउस में कार्यरत मजदूर मातादीन ने बताया कि वे पिछले 15 वर्षों से यहां काम कर रहे हैं। कैंप में 75 ओपन स्टेक हैं, जिनमें से प्रत्येक में लगभग 3000 बोरियां धान रखी हुई हैं। इनमें से करीब 15 हजार बोरियां खराब हो चुकी हैं। मजदूर खराब और सही धान को अलग-अलग कर रहे हैं और सही धान को नए बोरों में भरकर मिलों में भेजा जा रहा है। मातादीन ने यह भी बताया कि इस बार चूहों ने सबसे ज्यादा नुकसान पहुंचाया है, जिन्होंने बोरों को जगह-जगह से काट दिया है। कुछ धान गीली होकर काली पड़ गई है, और कई स्थानों पर तो धान के पौधे उग आए हैं। मजदूरों को जो आदेश मिला है, वे उसी के अनुसार काम कर रहे हैं। कंपनी हो चुकी ब्लैकलिस्ट इस संबंध में डिप्टी कलेक्टर और प्रभारी अधिकारी वैद्यनाथ वासनिक ने बताया कि वर्ष 2022 में खरीदी का ठेका गोगरिन कंपनी को दिया गया था, लेकिन कंपनी ब्लैकलिस्ट हो चुकी थी, जिसके कारण धान का समय पर उठाव नहीं हो सका। खराब धान की नीलामी का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है।
