कूनो नेशनल पार्क में 19 माह के नर चीते KNG22 की गोली लगने से हुई मौत के बाद अब वन विभाग के अधिकारियों और वन्यजीव कार्यकर्ताओं के बीच आरोप-प्रत्यारोप शुरू हो गए हैं। कूनो के फील्ड डायरेक्टर उत्तम शर्मा ने चीते की मौत पर भावुक पोस्ट करते हुए इसे दिल तोड़ने वाली घटना बताया। वहीं, वाइल्ड लाइफ एक्टिविस्ट अजय दुबे ने उनके ट्वीट पर पलटवार करते हुए इसे निलंबन से बचने की तरकीब बताया है। दुबे ने चीते की मौत के लिए वन विभाग के अधिकारियों की लापरवाही को जिम्मेदार ठहराते हुए सीबीआई जांच की मांग की है। बोले-उसे इस तरह खो देना पीड़ादायक है फील्ड डायरेक्टर उत्तम शर्मा ने गुरुवार रात सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि KNG22 की मौत ने उनका दिल तोड़ दिया है। उसे इस तरह खो देना पीड़ादायक है और इसे स्वीकार करना कठिन है। उन्होंने लिखा कि कूनो में चीतों को भारतीय जंगलों में एक और मौका देने के लिए लगातार मेहनत की जा रही है। कूनो क्षेत्र के लोगों को भी चीतों पर वैसे ही गर्व करना चाहिए, जैसे गुजरात के लोग शेरों पर करते हैं। हम इतिहास रच रहे हैं, इसका हिस्सा बनें। हम बाद में लड़ सकते हैं। अजय दुबे बोले- कानून में फंसने से बचने की कोशिश वाइल्ड लाइफ एक्टिविस्ट अजय दुबे ने फील्ड डायरेक्टर के ट्वीट पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि कानून के कठघरे में फंसते देख एक मंझे हुए खिलाड़ी और राजनेता की तरह भावुकता दिखाकर निलंबन से बचने की कोशिश की जा रही है। दुबे ने आरोप लगाया कि अधिकारियों पर करीब 17 निर्दोष चीतों की संदिग्ध मौतों की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि सवाल उठाने वालों को ‘दिमागी नक्सली’ कहकर बदनाम किया गया। दुबे का आरोप है कि चीते के गले में रेडियो कॉलर होने के बावजूद उसकी लोकेशन ट्रेस नहीं की जा सकी। उन्होंने गोली लगने से हुई मौत के लिए वन विभाग के अधिकारियों को जिम्मेदार ठहराया है। इस मामले में सीबीआई जांच की मांग को लेकर उन्होंने कोर्ट में याचिका भी दायर की है। केंद्र की टीम ने घटनास्थल का किया निरीक्षण केंद्र सरकार के निर्देश पर गुरुवार को वन्यजीव अपराध नियंत्रण ब्यूरो (डब्ल्यूसीसीबी) की डायरेक्टर रुचिका ऋषि और राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण (एनटीसीए) के महानिरीक्षक डॉ. संजयन कुमार कूनो नेशनल पार्क पहुंचे। टीम ने कूनो प्रबंधन से घटना की जानकारी ली और उस स्थान का निरीक्षण किया, जहां चीता घायल अवस्था में मिला था। मामले में केंद्रीय टीम की जांच के बाद आगे की कार्रवाई पर नजर रहेगी।
