मध्यप्रदेश के सतना में 5वीं कक्षा के छात्र शिवराज रजक (11) की हत्या के मामले में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। जांच में सामने आया कि आरोपी एकतरफा प्यार में उसकी मां से शादी करना चाहता था। विरोध होने पर उसने मासूम बच्चे को ही निशाना बना लिया। ‘वो मां से शादी करना चाहता था…’ रोते हुए बहन सेजल ने यही कहते हुए आरोपी की सनक बयां की। दरअसल, सिद्धार्थ नगर स्थित बैंक कॉलोनी में सोमवार को 11 वर्षीय शिवराज उर्फ बादल की गला रेतकर हत्या कर दी गई। हत्या के बाद उसका शव घर के अंदर नीले प्लास्टिक ड्रम में छिपाकर आरोपी मथुरा रजक (45) फरार हो गया था। एडिशनल एसपी शिवेश सिंह बघेल ने बताया कि आरोपी की धरपकड़ के लिए तीन टीमें बनाई गई थी। आरोपी मथुरा रजक मूलतः सीधी जिले का रहने वाला है। पुलिस की तीन टीमें उसकी तलाश में लगी थी। मंगलवार शाम को आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। उससे पूछताछ की जा रही है। वारदात के समय घर में अकेला था बच्चा शिवराज का परिवार साधारण जीवन जीता है। पिता रमेश रजक महाराष्ट्र के नासिक में फैक्ट्री में मजदूरी करते हैं, जबकि मां आशा रजक घरों में काम करती हैं। बहन सेजल पढ़ाई के साथ नौकरी की तलाश में है और भाई शिवाकांत कंप्यूटर की दुकान में काम करता है। सोमवार सुबह रोज की तरह मां और दोनों भाई-बहन काम पर चले गए थे। शिवराज घर में अकेला था। सोमवार सुबह 10:30 बजे घर पहुंचा आरोपी सोमवार करीब 10:30 बजे आरोपी मथुरा रजक, जो परिवार के संपर्क में था, घर में दाखिल हुआ। उसने अकेले बच्चे को निशाना बनाया और धारदार हंसिया से उसका गला रेत दिया। मासूम को संभलने का मौका तक नहीं मिला। हत्या के बाद आरोपी ने सबूत छिपाने की कोशिश की। उसने शव को नीले ड्रम में डालकर ऊपर कपड़े भर दिए और बाहर से दरवाजे पर ताला लगाकर फरार हो गया। बहन घर पहुंची तो ताला लगा देखकर चौंकी करीब 1:30 बजे बहन सेजल घर पहुंची तो दरवाजे पर ताला लगा देख चौंक गई। उसने मां को फोन किया। मां के आने के बाद भी जब शिवराज नहीं मिला तो दोनों ने आसपास तलाश की। खिड़की से झांकने पर कमरे में पंखा और लाइट चालू दिखे, जिससे शक गहरा गया। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ताला तोड़कर अंदर घुसी, ड्रम में मिला शव पुलिस ने मौके पर पहुंचकर ताला तोड़ा। अंदर बिस्तर और तकिए खून से सने मिले, दीवारों पर छींटे थे। तलाशी के दौरान कमरे में रखे नीले ड्रम को खोला गया, जिसमें शिवराज का शव मिला। ड्रम के ऊपर ही हत्या में इस्तेमाल हंसिया रखा था। एफएसएल टीम ने मौके से साक्ष्य जुटाए और शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया। महिला से एकतरफा प्यार बना हत्या की वजह जांच में सामने आया कि आरोपी मथुरा रजक कई साल से आशा रजक के पीछे पड़ा था और शादी का दबाव बना रहा था। बहन सेजल और पड़ोसियों के अनुसार, वारदात से एक दिन पहले भी आरोपी ने आशा से विवाद किया था, जो हाथापाई तक पहुंच गया था।
आरोपी को दुकान में लगाई थी फटकार
पुलिस जांच में यह बात भी सामने आई है कि आशा मोहल्ले के एक घर में काम करती है। वहां उसने अपनी आपबीती सुनाई, तो घर के मालिक ने सोमवार की सुबह दुकान पहुंचकर मथुरा को जमकर फटकार लगाई और भविष्य में आशा को तंग न करने की नसीहत दी। माना जा रहा है कि इसी के बाद मथुरा आशा के घर गया और वहां आशा तो नहीं मिली, लेकिन उसने बदला लेने के लिए मासूम शिवराज के साथ इस खौफनाक घटना को अंजाम दे दिया। पति-पत्नी में हुआ था विवाद महाराष्ट्र के नासिक में एक टाइल्स फैक्ट्री में काम करने वाला मृतक शिवराज का पिता रमेश वारदात के लगभग 15 दिन पहले सतना आया था। 10 दिन पहले पत्नी आशा के देर से घर लौटने को लेकर दोनों के बीच विवाद हुआ, जिसके बाद रमेश नयागांव चला गया था। आशा के प्रति मथुरा की दीवानगी की बात रमेश को भी पता थी। इसी कारण वह जब भी सतना आता था, उसका मथुरा से विवाद होता था। यह भी पढ़ें… 5वीं के छात्र का गला रेता, नीले ड्रम में छिपाया:सतना में खून से सना मिला तकिया और कमरा सतना में 11 साल के बच्चे की बेरहमी से हत्या कर शव नीले ड्रम में छिपाने का मामला सामने आया है। वारदात के बाद आरोपी घर के बाहर से ताला लगाकर फरार हो गया। घटना कोलगवां थाना क्षेत्र की बैंक कॉलोनी में सोमवार दोपहर की है। बच्चे के लापता होने की सूचना पर पहुंची पुलिस ताला तोड़कर घर में घुसी। अंदर का मंजर सिहराने वाला था—बिस्तर पर रखी तकिया खून से सनी थी, दीवारों पर खून के छींटे थे और बिस्तर से लेकर ड्रम तक खून के निशान पड़े थे। पूरी खबर पढ़िए… भांजे के साथ भागी मामी, लौटकर पति का मर्डर कराया:बोली- अफसोस नहीं, अब मैं आजाद हूं तारीख 14 अप्रैल 2026। वक्त रात 9 बजे। जगह हरदा का रन्हाईकला गांव। नहर के पास अंधेरा था। इसी अंधेरे में अजय बिल्लोरे और उसका साथी सचिन निशोद बाइक पर बैठे थे। दोनों फोन का इंतजार कर रहे थे। माहौल शांत था, लेकिन सन्नाटे के पीछे खतरनाक साजिश पल रही थी। रात 10.30 बजे फोन बजता है। कॉल विश्राम गाठे की पत्नी क्षमाबाई ने किया। उसने अपने भांजे (बॉयफ्रेंड) अजय को बताया- वो खेत की रखवाली के लिए निकल चुका है। यह हत्या का संकेत था। लोकेशन मिलते ही दोनों आरोपी एक्टिव हुए और विश्राम गाठे का पीछा शुरू किया। पूरी खबर पढ़िए…
