कांग्रेस नेता राहुल गांधी रविवार को गोवा के दौरे पर हैं। इस दौरान वह कांग्रेस के जनसंपर्क अभियान ‘गोय राखोन यात्रा’ में शामिल होंगे और मडगांव में एक जनसभा को संबोधित करेंगे। इस जनसभा के साथ ही कांग्रेस की 28 दिन लंबी यात्रा का समापन होगा। गोवा प्रदेश कांग्रेस कमेटी (जीपीसीसी) के अध्यक्ष गिरीश चोडनकर ने बताया कि राहुल गांधी पहले भी इस यात्रा में शामिल होने वाले थे, लेकिन दिल्ली में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर हुए विरोध प्रदर्शनों के कारण उनका दौरा टाल दिया गया था। अगले साल गोवा में विधानसभा चुनाव होने हैं। इसलिए कांग्रेस का यह अभियान चुनाव से राज्य में अपनी स्थिति मजबूत करने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है। पार्टी का लक्ष्य सभी विधानसभा क्षेत्रों में लोगों तक पहुंचना और अपना जनाधार बढ़ाना है। 22 सितंबर को शुरू हुई थी यात्रा कांग्रेस की ‘गोय राखोन यात्रा’ 22 सितंबर को शुरू हुई थी। इस यात्रा के तहत गोवा की सभी 40 विधानसभा सीटों तक पहुंचने का लक्ष्य रखा गया। पार्टी ने इसे गोवा की जमीन, पहचान, पर्यावरण और सांस्कृतिक विरासत की रक्षा के लिए चलाया गया जनसंपर्क अभियान बताया है। यात्रा के दौरान कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने राज्य के अलग-अलग क्षेत्रों में लोगों से संपर्क किया। पार्टी का उद्देश्य स्थानीय लोगों की समस्याओं को समझना और उन्हें अपने अभियान से जोड़ना रहा है।
जनसंपर्क अभियान है ‘गोय राखोन यात्रा’ ‘गोय राखोन यात्रा’ कांग्रेस का गोवा में चलाया गया जनसंपर्क अभियान है। इसका मुख्य उद्देश्य राज्य की जमीन, पर्यावरण, सांस्कृतिक विरासत और स्थानीय पहचान से जुड़े मुद्दों को उठाना है। 2 सितंबर से शुरू हुई यह यात्रा राज्य की सभी 40 विधानसभा सीटों तक पहुंचने के लिए आयोजित की गई है और 18 अक्तूबर को मडगांव में राहुल गांधी की जनसभा के साथ इसका समापन होना है।
