नर्मदापुरम-पिपरिया स्टेट हाईवे पर तवा नदी पर 44 साल पुराने क्षतिग्रस्त पुल पर स्थाई हाइटगेज लगाने का काम फिर सुस्त पड़ गया है। फाउंडेशन का काम शुरू होने के दूसरे दिन ही सोमवार को काम बंद रहा। निर्माण कंपनी के कर्मचारी मौके पर नहीं पहुंचे। इस बीच सबसे बड़ी लापरवाही पुल की सुरक्षा को लेकर है। प्रतिबंध के बावजूद तवा पुल से दिन-रात डंपर, ट्रक बिना रोक-टोक निकल रही हैं। जून से दरार, फिर भी नहीं चेते
जून 2026 में पुल के पिलर नंबर 52 और 54 में दरारें आ गई थीं। ब्रिज के पियर और स्लैब के जोड़ों पर भी दरारें हैं। तभी से प्रशासन ने भारी वाहनों की आवाजाही पर रोक लगाई थी, लेकिन रोकने के लिए न तो पुलिस है और न ही राजस्व का अमला। ढाई महीने बीतने के बाद भी हाइटगेज नहीं लगा। ऐसे में कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। MPRDC इंजीनियर प्रवीण निमजे ने बताया फाउंडेशन का काम शुरू करा दिया है, दोनों छोर पर जल्द हाइटगेज लगाएंगे। सोमवार को काम क्यों बंद रहा, ठेकेदार से जानकारी लेंगे। हाइटगेज लगने के बाद हल्के वाहनों को अनुमति मिलेगी
हाइटगेज लगने के बाद पुल से कार, बाइक और छोटी यात्री बसें ही निकल सकेंगी। डंपर, ट्रक का प्रवेश पूरी तरह बंद हो जाएगा। आपातकालीन सेवाओं के लिए प्रशासन से विशेष अनुमति लेनी होगी। भारी वाहनों के लिए वैकल्पिक रूट माखननगर-आरी और सांगाखेड़ा मार्ग तय किया गया है।
