मध्यप्रदेश के इंदौर से परिवार के साथ नैनीताल घूमने गया 3 साल का मासूम गौरांश सोनी होटल की तीसरी मंजिल की खिड़की से गिर गया। करीब 20 फीट नीचे गिरने से उसकी गर्दन में गंभीर चोटें आईं। सिर की हडि्डयां टूट गई। पहले नैनीताल और फिर हल्द्वानी में इलाज के बाद उसे दिल्ली के फोर्टिस अस्पताल रेफर किया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। गौरांश झाबुआ जिले के राणापुर के सराफा व्यापारी विशाल सोनी का इकलौता बेटा था। रविवार सुबह कमरे में खेल रहा था दादा अनिल सोनी ने बताया कि परिवार 1 जुलाई को 22 सदस्यों के साथ इंदौर से नैनीताल घूमने के लिए निकला था। परिवार मल्लीताल क्षेत्र के एक होटल में ठहरा हुआ था। रविवार सुबह गौरांश होटल के कमरे में खेल रहा था। इसी दौरान कुछ पल के लिए परिजनों का ध्यान हटा और वह तीसरी मंजिल की खिड़की से नीचे गिर गया। सिर की हड्डी और गर्दन में गंभीर चोट हादसे के बाद होटल में अफरा-तफरी मच गई। परिजनों की चीख-पुकार सुनकर होटल स्टाफ और स्थानीय लोगों ने उसे तत्काल बीडी पांडे जिला चिकित्सालय पहुंचाया। डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद उसकी गंभीर हालत देखते हुए उसे हल्द्वानी के हायर सेंटर रेफर कर दिया। वहां सीटी स्कैन समेत अन्य जांच में उसके सिर की हड्डी और गर्दन में गंभीर चोट की पुष्टि हुई। दिल्ली ले जाते समय धड़कन भी बंद हो गई हालत नाजुक बनी रहने पर डॉक्टरों ने उसे बेहतर इलाज के लिए दिल्ली रेफर कर दिया। परिजनों के मुताबिक, दिल्ली ले जाते समय रास्ते में गौरांश की धड़कन भी बंद हो गई थी। डॉक्टरों ने उसे दोबारा रिवाइव किया और फोर्टिस अस्पताल में भर्ती कराया, लेकिन गंभीर सिर की चोटों के कारण उसे बचाया नहीं जा सका। परिजन शव लेकर राणापुर के लिए रवाना गौरांश की मौत की खबर सोशल मीडिया पर सामने आते ही राणापुर में शोक की लहर दौड़ गई। दादा अनिल सोनी ने बताया कि दिल्ली में आवश्यक प्रक्रिया पूरी होने के बाद परिजन रविवार शाम करीब 8 बजे एंबुलेंस से गौरांश के शव को लेकर राणापुर के लिए रवाना हुए।
