हरदा में सोमवार को जिले के प्रभारी मंत्री विश्वास सारंग ने जिला विकास एवं सहकार समिति की बैठक की अध्यक्षता की। यह बैठक कलेक्ट्रेट सभागृह में आयोजित की गई, जिसमें मंत्री सारंग करीब डेढ़ घंटे देरी से पहुंचे। इस दौरान मंत्री सारंग और केंद्रीय राज्यमंत्री डीडी उइके ने बंद कमरे में अधिकारियों से जिले के विकास को लेकर चर्चा की। बैठक के दौरान जब मंत्री सारंग गेहूं उपार्जन पर चर्चा कर रहे थे, उसी समय ग्राम कुकरावद के पास किसानों ने सड़क जाम कर विरोध प्रदर्शन किया। किसान पिछले चार दिनों से गेहूं की तुलाई न होने से नाराज थे। करीब आधे घंटे बाद नायब तहसीलदार भगवदास तमखाने और सिविल लाइन थाना टीआई आर एस तिवारी ने किसानों को समझाकर जाम खुलवाया। अधिकारियों ने बताया कि कुछ लोग शराब के नशे में सड़क जाम कर रहे थे। दरअसल, जिले में दस हजार से अधिक किसानों का पोर्टल पर तकनीकी समस्या के कारण स्लॉट बुक नहीं हो पाया है। स्लॉट बुक करने की अंतिम तिथि 23 मई निर्धारित की गई है।
डेढ़ घंटे अधिकारियों से वन-टू-वन
मंत्री सारंग ने विभिन्न विभागों के अधिकारियों के साथ डेढ़ घंटे तक वन-टू-वन चर्चा कर समीक्षा की। बैठक के बाद मीडिया ने जब किसानों की समस्याओं पर सवाल किए, तो मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश देने की बात कहकर जवाब टाल दिया। सहकारिता, खेल एवं युवा कल्याण विभाग के मंत्री विश्वास कैलाश सारंग ने कहा कि समर्थन मूल्य पर गेहूं उपार्जन के लिए जिले में सुव्यवस्थित इंतजाम होने चाहिए। उन्होंने जोर दिया कि कोई भी पात्र किसान गेहूं बेचने से न छूटे और उपार्जन केंद्रों पर किसानों को असुविधा न हो। मंत्री ने प्रतिदिन उपार्जन कार्य की समीक्षा करने और जनजागरूकता कार्यक्रम चलाकर किसानों को आश्वस्त करने के निर्देश दिए। बैठक में केंद्रीय जनजातीय कार्य राज्यमंत्री दुर्गादास उइके, विधायक डॉ. आरके दोगने, जिला पंचायत अध्यक्ष गजेंद्र शाह, पूर्व कृषि मंत्री कमल पटेल, विधायक टिमरनी संजय शाह और जिला भाजपा अध्यक्ष राजेश वर्मा सहित समिति के सदस्य उपस्थित थे। उर्वरक की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश
बैठक में प्रभारी मंत्री ने जिले में आगामी सीजन में सुगमता से उर्वरक की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही कहा कि आगामी वर्ष से ग्राम पंचायत स्तर पर भी उर्वरक वितरण करने की योजना बनाई जा रही है, जिससे किसानों को सुगमता से उर्वरक उपलब्ध हो सकेगा। खनिज विभाग की समीक्षा करते हुए उन्होंने कहा कि जिले में कहीं भी खनिज का अवैध उत्खनन अथवा परिवहन न हो। खनिज का अवैध धंधा करने वालों में पुलिस का खौफ रहे। वे स्वयं इसका औचक निरीक्षण करेंगे। आगामी दो माह में वनभूमि से समस्त अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए गए। इसके अलावा शासकीय भूमि से आगामी तीन माह में सभी तरीके के अतिक्रमण हटाने के लिए अधिकारियों को पाबंद किया गया। बैठक में विद्युत की सुचारू आपूर्ति के निर्देश दिए गए।
हरदा विधायक ने सौंपा पत्र
हरदा विधायक डॉ.आरके दोगने ने प्रभारी मंत्री को पत्र सौंपा। जिसमें बताया कि जिला हरदा के अंतर्गत गेहूं उपार्जन केंद्रों पर किसानों द्वारा स्लॉट बुकिंग एवं तुलाई प्रक्रिया में गंभीर समस्याएं सामने आ रही हैं। वर्तमान में स्थिति यह है कि किसानों द्वारा स्लॉट बुक कराए जाने के उपरांत भी तुलाई में 4 से 6 दिनों का विलंब हो रहा है, जिसके कारण निर्धारित समय अवधि के भीतर तुलाई नहीं हो पा रही है और किसानों के स्लॉट का समय निकल जा रहा है। इससे किसानों को अत्यधिक आर्थिक एवं मानसिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है एवं बड़े खातेदार किसानों के स्लॉट बुक नहीं हो पा रहे हैं, जिससे वे अपनी उपज विक्रय करने से वंचित हो रहे है। विधायक ने ये मांगें की-
