सिंधिया राजपरिवार की अरबों की संपत्ति के बंटवारे को लेकर आपसी सहमति से तैयार हुआ समझौता प्रस्ताव (राजीनामा) एक बार फिर कानूनी अड़चनों में फंस गया है। अतिरिक्त सत्र न्यायालय (ADJ) में सोमवार को इस बहुचर्चित संपत्ति विवाद के समझौते पर सुनवाई हुई है। समझौते पर केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया की बड़ी बुआ दिवंगत पद्मावती राजे की बेटी प्रतिमा देवी राना (त्रिपुरा राजघराने से संबंधित) ने कड़ी आपत्ति दर्ज कराई थी। इसी पर ज्योतिरादित्य सिंधिया, उनकी बुआ पूर्व सीएम राजस्थान वसुंधरा, एमपी की पूर्व मिनिस्टर यशोधरा राजे के जवाब आवेदन के रूप में पहुंचे हैं। प्रतिमा देवी की आपत्ति पर बुआओं ने जवाब में कहा है कि जब पहले समझौते पर सहमति जताई थी तो अब आपत्ति का मतलब क्या है। इस पर प्रतिमा राजे के खिलाफ क्रिमिनल प्रोसिडिंग चलाई जाना चाहिए। सोमवार को प्रतिमा देवी के जगह उनकी बेटी शिवांगी देवी अपने पति के साथ कोर्ट पहुंची थीं। आवेदन पर सुनवाई के लिए अगली सुनवाई 25 अगस्त 2026 तय की गई है। पहले घोषित ‘एक्स पार्टी’, अब हक के लिए पहुंचीं कोर्ट वसुंधरा राजे, उषा राजे और यशोधरा राजे ने केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया से पैतृक संपत्ति में अपना हिस्सा पाने के लिए सिविल सूट दायर किया था। लंबे कानूनी विवाद के बाद हाल ही में सभी पक्षों ने आपसी सहमति से एक राजीनामा तैयार कर कोर्ट में पेश किया था। मूल दावे में दिवंगत बड़ी बुआ पद्मावती राजे की दोनों बेटियों कनिका देवी सिंह और प्रतिमा देवी राना को पक्षकार तो बनाया था, लेकिन पूर्व में सुनवाई के दौरान उपस्थित न होने के कारण अदालत ने उन्हें ‘एक्स पार्टी’ (एकपक्षीय) घोषित कर दिया था। जैसे ही समझौता प्रस्ताव पर सकारात्मक दिशा में बात आगे बढ़ी तो प्रतिमा देवी ने कोर्ट में आवेदन देकर प्रक्रिया में दोबारा शामिल होने और समझौते में अपना हक पाने की गुहार लगाई है। पद्मावती राजे भी संपत्ति में बराबर की हिस्सेदार थीं, इसलिए उनकी बेटियों को छोड़े जाने से यह राजीनामा कानूनी रूप से पेचीदा हो गया था। सोमवार को ज्योतिरादित्य, वसुंधरा व यशोधरा के जवाब पेश हुए इस मामले में सोमवार (17 अगस्त) को हुई सुनवाई में खास बात यह रही कि समझौते व आपत्ति पर केन्द्रीय मंत्री व सिंधिया राजघराने के मुखिया ज्योतिरादित्य सिंधिया, राजस्थान की पूर्व सीएम व वर्तमान में राष्ट्रीय महासचिव वसुंधरा राजे व मध्य प्रदेश शासन की पूर्व मंत्री यशोधरा राजे के जवाब आवेदन कोर्ट में पेश किए गए हैं। इन जवाबी आवेदन पर सुनवाई हुई है। जवाब आवेदन में ज्योतिरादित्य सिंधिया की बुआ वसुंधरा व यशोधरा ने कहा है कि पहले खुद को समझौते से बाहर रखकर सहमति दी थी। इसके बाद अब आपत्ति लगाने का क्या मतलब है। इस पर प्रतिमा राजे के खिलाफ क्रिमिनल प्रोसिडिंग चलाने तक की बात कही गई है। कौन हैं प्रतिमा देवी और क्यों उपजा विवाद? केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया की सबसे बड़ी बुआ दिवंगत पद्मावती राजे का विवाह त्रिपुरा के राज परिवार में हुआ था। उनकी दो बेटियां प्रतिमा देवी और कनिका देवी हैं। जब सिंधिया राज परिवार के मुख्य सदस्यों के बीच संपत्ति का अंतिम समझौता ड्राफ्ट हुआ, तो उसमें पद्मावती राजे के उत्तराधिकारियों (दोनों बहनों) को शामिल नहीं किया गया। इसी उपेक्षा से नाराज होकर प्रतिमा देवी ने कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। अगली सुनवाई 25 अगस्त को होगी इस मामले में सोमवार को तीनों के जवाबी आवेदन आने के बाद उन पर सुनवाई हुई है। पर विस्तार से सुनवाई के लिए 25 अगस्त की डेट निर्धारित की गई है। सोमवार को प्रतिमा देवी की ओर से उनकी बेटी शिवांगी अपने पति के साथ ग्वालियर कोर्ट पहुंची थीं।
