छिंदवाड़ा जिला अस्पताल के एसएनसीयू के इनबोर्न यूनिट में हुए आगजनी हादसे की प्राथमिक जांच रिपोर्ट गुरुवार को प्रबंधन को सौंप दी गई। जांच में सामने आया है कि वार्मर के हीटिंग फिलामेंट में स्पार्क के कारण आग लगी थी। प्रबंधन ने रिपोर्ट वरिष्ठ अधिकारियों को भोपाल भेज दी है। सीएस डॉ. कंचन दुबे ने बताया कि जांच रिपोर्ट के अनुसार वार्मर की हीटिंग फिलामेंट में स्पार्क हुआ, जिससे आग लगी। जांच में फिलहाल किसी तरह की मानवीय गलती सामने नहीं आई है। हालांकि, वार्मर में तकनीकी खराबी थी या नहीं, इसकी पुष्टि तकनीकी विशेषज्ञों की जांच के बाद ही हो सकेगी। 21-22 अगस्त की रात हुआ था हादसा
गौरतलब है कि 21-22 अगस्त की दरमियानी रात जिला अस्पताल के एसएनसीयू में एक वार्मर में अचानक आग लग गई थी। हादसे में वार्मर के पास मौजूद तीन नवजात झुलस गए थे। इनमें से एक बच्ची की इलाज के दौरान मौत हो गई थी, जबकि दो बच्चों को बेहतर उपचार के लिए जबलपुर मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया था। जबलपुर में दोनों बच्चों की हालत में सुधार
सीएस डॉ. कंचन दुबे ने बताया कि जबलपुर मेडिकल कॉलेज में भर्ती दोनों बच्चों का विशेषज्ञ चिकित्सकों की निगरानी में उपचार चल रहा है। फिलहाल दोनों बच्चों की हालत में काफी हद तक सुधार बताया जा रहा है। अस्पताल प्रबंधन ने जांच रिपोर्ट से वरिष्ठ अधिकारियों को भी अवगत करा दिया है। यह भी पढ़ें… सर्जन नहीं होने से जबलपुर रेफर किया गया था
नवजात शिशु गहन चिकित्सा इकाई (NICU) में शुक्रवार रात 2 से 3 बजे के बीच आग लग गई। शॉर्ट सर्किट से लगी आग की चपेट में तीन नवजात बच्चे आ गए। तीनों की उम्र 6 से 12 दिन के बीच है। प्राथमिक इलाज के बाद उन्हें सुबह करीब 5 बजे जबलपुर मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। वहां ले जाते समय रास्ते में एक की मौत हो गई। पूरी खबर पढ़िए…
