मध्य प्रदेश में सर्दी फिर से बढ़ गई है। करीब 15 दिन के बाद रात का टेम्पेरेचर 4 डिग्री से नीचे आ गया है। कटनी, शहडोल और उमरिया सबसे ठंडे हैं। कटनी के करौंदी में न्यूनतम तापमान 3.5 डिग्री है, जबकि 13 शहरों में टेम्पेरेचर 10 डिग्री से नीचे पहुंच गया है। बीती तीन रात से ठंड का असर बढ़ा है। कई शहरों में न्यूनतम तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। शुक्रवार-शनिवार रात की बात करें तो भोपाल, इंदौर और ग्वालियर में तापमान 11 डिग्री दर्ज किया गया, जबकि जबलपुर में 10.8 डिग्री और उज्जैन में 13 डिग्री रहा। करौंदी में 3.5 डिग्री, शहडोल के कल्याणपुर में 4.9 डिग्री, उमरिया में 7 डिग्री, रीवा-खजुराहो में 7.4 डिग्री, मंडला में 7.9 डिग्री, नौगांव में 8.8 डिग्री, सतना में 8.9 डिग्री, राजगढ़-शिवपुरी में 9 डिग्री, पचमढ़ी में 9.4 डिग्री, दमोह और मलाजखंड में तापमान 9.8 डिग्री रिकॉर्ड किया गया। 2 से 3 डिग्री बढ़ेगा तापमान मौसम विभाग की माने तो अगले 2 दिन तक तेज सर्दी रहेगी। इसके बाद अधिकतम और न्यूनतम तापमान में 2 से 3 डिग्री की बढ़ोतरी हो सकती है। वर्तमान में ग्वालियर, चंबल, सागर, जबलपुर और शहडोल संभाग में ठंड का असर सबसे ज्यादा है। 5 बड़े शहर- भोपाल, इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर-जबलपुर में भी पारा 13 डिग्री से नीचे चल रहा है। इन्हीं जिलों में 8 और 9 फरवरी को भी ठंड का असर बढ़ा हुआ रहेगा। इधर, रविवार सुबह ग्वालियर-चंबल में हल्का कोहरा रहा। मौसम विभाग के अनुसार, फिलहाल कोहरे और बारिश की संभावना नहीं है। दिन में तेज धूप खिलेगी, लेकिन भोपाल, सीहोर, गुना, ग्वालियर, भिंड, मुरैना आदि जिलों में सर्द हवाएं भी चलेगी। देर रात और अलसुबह ठंड ज्यादा असर दिखाएगी। अगले 2 दिन ऐसा रहेगा मौसम नए सिस्टम का असर देखने को मिलेगा
पश्चिमी हिमालय क्षेत्र में 9 फरवरी से नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस एक्टिव हो रहा है। जिसका असर फिर से प्रदेश में देखने को मिलेगा। 12 फरवरी से मावठा गिरने का अनुमान है। यानी, अगले 5 दिन तक तो प्रदेश में बारिश या ओले गिरने का अनुमान नहीं है। MP के पांच बड़े शहरों में फरवरी का मौसम… भोपाल में रातें ठंडी रहती हैं, दिन गर्म
भोपाल में रातें ठंडी रहती हैं, जबकि दिन गर्म। वर्ष 2014 से 2024 के बीच 4 साल दिन का अधिकतम तापमान 35 डिग्री के पार पहुंच गया था। रात में 7 साल पारा 10 डिग्री से कम दर्ज किया गया। इस बार फरवरी में दिन का तापमान 25 डिग्री के पार है। इंदौर में बारिश का ट्रेंड नहीं
फरवरी में इंदौर में बारिश होने का ट्रेंड नहीं है। 2014 और 2015 में बूंदाबांदी जरूर हुई थी। दूसरी ओर दिन में अधिकतम तापमान 30 डिग्री के पार ही रहता है। 2019 में तापमान 35 डिग्री दर्ज किया गया था। यहां रात में पारा 10 डिग्री के नीचे रहता है।
ग्वालियर में कड़ाके की ठंड
ग्वालियर में कड़ाके की ठंड का ट्रेंड रहता है। इसकी वजह यहां सीधे उत्तरी हवाएं आना है। 4 फरवरी 2018 की रात में न्यूनतम पारा रिकॉर्ड 1.9 डिग्री दर्ज किया गया था। साल 2019, 2022 और 2023 में न्यूनतम तापमान 3 डिग्री से नीचे ही रहा। पिछले साल ग्वालियर में बारिश भी हुई थी। इस बार यहां फरवरी के पहले ही दिन बारिश का दौर रहा है।
जबलपुर में भी बदला रहता है मौसम
जबलपुर में भी मौसम बदला रहता है। फरवरी के दूसरे सप्ताह के बाद दिन का अधिकतम तापमान 30 डिग्री से अधिक रहता है, जबकि रात में तापमान न्यूनतम 11 डिग्री के आसपास रहता है। यहां फरवरी में बारिश का भी ट्रेंड है। 10 में से 6 साल यहां बारिश हो चुकी है। उज्जैन में गर्मी, बारिश और ठंड का दौर
उज्जैन में गर्मी और ठंड के साथ बारिश भी होती है। दिन में अधिकतम तापमान 30 डिग्री के पार ही रहता है, जबकि रात में न्यूनतम पारा 10 डिग्री से कम दर्ज किया जाता है। उज्जैन में फरवरी महीने में बारिश का ट्रेंड कम ही है।
