दमोह जिले के हिनौता गांव में गुरुवार रात जुआ पकड़ने पहुंची पुलिस की कार्रवाई के दौरान शिव सिंह लोधी (46) की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। घटना के बाद हिंडोरिया अस्पताल में परिजनों और ग्रामीणों ने जमकर हंगामा किया। परिजनों ने पुलिस पर मारपीट का आरोप लगाया है। सूचना मिलते ही एसपी आनंद कलादगी मौके पर पहुंचे और परिजनों से बातचीत की। इसके बाद कार्रवाई के लिए गई टीम के आठ पुलिसकर्मियों को लाइन अटैच कर दिया गया। बेटा बोला- पिता हार्ट के मरीज थे परिजन का आरोप है कि पुलिस ने कस्टडी में उनके साथ बुरी तरह मारपीट की। बाद में उन्हें फोन कर बताया गया कि पिता की तबीयत खराब है, लेकिन जब वे अस्पताल पहुंचे तो उनकी मौत हो चुकी थी। बेटे ने यह भी साफ किया कि हालांकि उसके पिता हार्ट पेशेंट थे और उन्हें स्टंट (छल्ले) डले थे, लेकिन उनकी मौत बीमारी से नहीं बल्कि पुलिस की पिटाई से हुई है। परिजनों को फोन कर कहा- तबीयत खराब है मृतक के भतीजे जय सिंह लोधी ने बताया कि गुरुवार रात बांदकपुर के एएसआई राजेंद्र मिश्रा का फोन आया था। उन्होंने बताया कि उनके चाचा की तबीयत खराब है और उन्हें हिंडोरिया अस्पताल ले जाया गया है। जय सिंह से चाचा के कपड़े लाने के लिए भी कहा गया। जय सिंह जब अस्पताल पहुंचे तो शिव सिंह मृत हालत में एक हॉल में रखे मिले। जय सिंह के मुताबिक, पुलिस ने पहले बताया था कि उनकी हालत गंभीर है और इलाज की जरूरत है। परिजन इसी जानकारी के आधार पर अस्पताल पहुंचे थे, लेकिन वहां उन्हें शिव सिंह का शव मिला। शव पोस्टमार्टम के लिए सागर भेजा शिव सिंह लोधी के शव का पंचनामा करने के बाद पोस्टमार्टम के लिए सागर के बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज भेजा गया है। यहां पैनल से पोस्टमार्टम कराया जाएगा। पुलिस ने मामले की जांच के लिए वरिष्ठ अधिकारियों के स्तर पर जांच कमेटी भी बनाई है। पीएम रिपोर्ट और जांच कमेटी की रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। पुलिस स्टाफ पर कार्रवाई की मांग इसके बाद जय सिंह समेत परिजनों और ग्रामीणों ने अस्पताल में हंगामा शुरू कर दिया। उनकी मांग थी कि बांदकपुर चौकी के पूरे स्टाफ और हिंडोरिया थाने की कार्रवाई में शामिल महिला पुलिसकर्मी को निलंबित किया जाए। हालांकि, महिला पुलिसकर्मी पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। बांदकपुर चौकी प्रभारी एएसआई राजेंद्र मिश्रा को वहां से हटा दिया गया। रात एक बजे तक अस्पताल में हंगामा घटना के बाद अस्पताल में देर रात तक अफरा-तफरी की स्थिति बनी रही। हंगामे का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुआ है। इसमें ग्रामीण और परिजन पुलिसकर्मियों के खिलाफ नाराजगी जताते हुए गाली-गलौज करते नजर आ रहे हैं। पुलिसकर्मी उन्हें समझाने की कोशिश कर रहे थे। रात करीब एक बजे तक अस्पताल में हंगामे की स्थिति बनी रही। कांग्रेस जिलाध्यक्ष और पूर्व विधायक भी पहुंचे घटना की जानकारी मिलने के बाद कांग्रेस जिलाध्यक्ष मानक पटेल और पूर्व विधायक प्रदुम सिंह भी हिंडोरिया अस्पताल पहुंचे। दोनों ने परिजनों से बात की। कांग्रेस जिलाध्यक्ष मानक पटेल ने एसपी से भी बातचीत की। उन्होंने कहा कि यदि मामले में तत्काल कार्रवाई नहीं हुई तो कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी और नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार भी सुबह तक हिंडोरिया पहुंचेंगे। इसके बाद एसपी ने कार्रवाई के लिए गई पुलिस टीम के आठ कर्मचारियों को लाइन अटैच कर दिया। एसपी बोले- जुआ फड़ पर कार्रवाई के दौरान भागने लगे लोग एसपी आनंद कलादगी ने बताया कि गुरुवार शाम करीब 6 बजे हिंडोरिया थाना क्षेत्र के बांदकपुर सहायता केंद्र के हिनौता गांव के पास जुआ खेलने की सूचना मिली थी। इसके बाद हिंडोरिया थाना क्षेत्र की टीम जुआ फड़ पर कार्रवाई के लिए पहुंची। पुलिस टीम के पहुंचते ही वहां अफरा-तफरी मच गई और लोग भागने लगे। सर्चिंग के दौरान शिव सिंह उर्फ संतु पिता खिलान सिंह लोधी बेहोशी की हालत में मिले। पुलिसकर्मियों ने उन्हें सीपीआर दिया और तत्काल हिंडोरिया स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंचे। वहां डॉक्टर ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। एसपी ने बताया कि परिजनों ने शिव सिंह की मेडिकल हिस्ट्री भी बताई है। उनके मुताबिक शिव सिंह हार्ट के मरीज थे और उन्हें रिंग डली हुई थी। मामले में सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। आठ पुलिसकर्मी लाइन अटैच एसपी आनंद कलादगी ने बताया कि जानकारी मिलते ही सभी पुलिस अधिकारी हिंडोरिया पहुंचे और परिजनों से बातचीत की। इस प्रकरण में कार्रवाई के लिए गए सभी पुलिसकर्मियों को लाइन अटैच कर दिया गया है। मृतक का पंचनामा करने के बाद शव पोस्टमार्टम के लिए सागर भेजा गया है। पोस्टमार्टम पैनल से कराया जाएगा। एएसआई राजेंद्र मिश्रा, एएसआई रामकुमार सिंह, प्रधान आरक्षक संजय पाठक, वीरेंद्र मिश्रा, अविनाश जाट, देवेंद्र ठाकुर, दीपचंद्र चौधरी और आरक्षक शिवसदन को लाइन अटैच किया गया है। एसपी बोले-जांच के लिए कमेटी बनाई गई एसपी ने कहा कि वरिष्ठ अधिकारी स्तर पर जांच कमेटी बनाई गई है। कमेटी की जांच रिपोर्ट और पीएम रिपोर्ट में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी बताया कि जुआ और शराब के मामलों में थाना स्तर पर टीम गठित कर कार्रवाई की जाती है और एसडीओपी व एडिशनल एसपी को संज्ञान में लेकर कार्रवाई की जाती है।
