मंदसौर जिले के बोतलगंज में 2 सितंबर को बिजली ग्रिड पर आग की चपेट में आई महिला की गुरुवार को इंदौर में इलाज के दौरान मौत हो गई। महिला की पहचान मरियम (35) के रूप में हुई है। पुलिस जांच में सामने आया है कि मरियम ने खुद अपने ऊपर पेट्रोल डाला था। इसके बाद उसके नाबालिग बेटे ने माचिस से आग लगा दी। आग लगाने के बाद बेटा मौके से भाग गया। एडिशनल एसपी तेर सिंह बघेल ने बताया कि मां-बेटा घर से पेट्रोल की बोतल लेकर बिजली ग्रिड पहुंचे थे। महिला ने अपने ऊपर पेट्रोल डाला और नाबालिग बेटे ने माचिस से आग लगा दी। पुलिस के मुताबिक, महिला ने बिजली कंपनी के अधिकारियों पर दबाव बनाने के लिए ऐसा किया था। कारखाने में पकड़ी गई थी बिजली चोरी
दरअसल, मरियम के पति आशिक राशिद गुटी सिलेक्ट पेंसिल का कारखाना चलाते हैं। 2 सितंबर को बिजली चोरी की शिकायत पर बिजली कंपनी की टीम वहां जांच के लिए पहुंची थी। टीम ने बिजली चोरी पकड़ी और मौके पर पंचनामा बनाया। आशिक का कहना है कि बिजली कंपनी के अधिकारियों ने छापे के बाद 1 लाख रुपए लेकर ऑफिस आने को कहा था। उनकी पत्नी करीब 70 हजार रुपए लेकर ग्रिड पहुंची थीं। आरोप है कि पैसे लेने के बाद अधिकारी मुकर गए और केस बनाने लगे। इसी दौरान विवाद हुआ और उनकी पत्नी आग की चपेट में आ गई। बेटा बोला- मां ने पेट्रोल छिड़का, मैंने आग लगाई
महिला के नाबालिग बेटे का एक वीडियो सामने आया है। इसमें वह कह रहा है कि मां के साथ बिजली कंपनी के अधिकारियों ने 80-90 हजार रुपए का फाइन भरने की बात कही थी। इसके बाद मां ने गुस्से में अपने ऊपर पेट्रोल छिड़क लिया। बेटे के मुताबिक, उसने जेब से माचिस निकाली और आग लगाकर वहां से भाग गया। पति ने बिजली चोरी की बात स्वीकारी
आशिक ने कारखाने में बिजली चोरी होने की बात स्वीकार की है। उनका कहना है कि कारखाना चलाने वाले लोग थोड़ी-बहुत बिजली चोरी करते हैं।आग से मरियम का चेहरा, सिर, दोनों हाथ, पेट, सीना और दोनों पैरों का कुछ हिस्सा झुलस गया था। उसका शरीर 80 प्रतिशत से ज्यादा जल गया था। गंभीर हालत में उसे जिला अस्पताल से इंदौर रेफर किया गया था, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। नाबालिग पुलिस की गिरफ्त से बाहर
फिलहाल नाबालिग पुलिस की गिरफ्त से बाहर बताया जा रहा है। महिला के शव का पोस्टमॉर्टम इंदौर के एमवाय अस्पताल में कराया जा रहा है। पोस्टमॉर्टम के बाद शव बोतलगंज लाया जाएगा, जहां अंतिम संस्कार किया जाएगा।
