खरगोन के ऊन थाना क्षेत्र में भैंस चोरी के मामले में पुलिस ने दो भाइयों समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से 4.40 लाख रुपए कीमत के चोरी हुए भैंसें बरामद की हैं। वारदात में इस्तेमाल 11 लाख रुपए कीमत का आयशर मिनी ट्रक भी जब्त किया गया है। पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने आर्थिक तंगी के कारण आयशर वाहन की किस्तें नहीं चुका पा रहे थे। इसी वजह से उन्होंने चोरी की वारदात को अंजाम दिया। पशुबाड़े से चोरी हुए थे मवेशी लिक्खी निवासी रामकरण ने 2 और 3 अगस्त की रात अपने पशुबाड़े से चोरी होने की शिकायत 10 अगस्त को ऊन थाने में दर्ज कराई थी। इसके बाद थाना प्रभारी दिनेश सोलंकी ने पुलिस टीम के साथ घटनास्थल और आसपास के क्षेत्रों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने लिक्खी निवासी भुरु पिता अजमेरी खान और उसके भाई मुस्ताक उर्फ काला उर्फ मुस्तु निवासी संजय नगर, खरगोन को हिरासत में लिया। पूछताछ में दोनों ने नानसिंग चौहान निवासी काकड़फल्या, करही और सोमारिया पिता काशीराम निवासी बामनपुरी के साथ मिलकर चोरी करना कबूल किया। किस्त नहीं भर पाए तो बनाई चोरी की योजना पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उन्होंने फाइनेंस पर आयशर वाहन लिया था। उसकी किस्तें नहीं भर पाने के कारण उन्होंने चोरी की योजना बनाई थी। आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने चोरी हुए मवेशी और वारदात में इस्तेमाल आयशर मिनी ट्रक जब्त किया। चारों आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया। तीनों आरोपियों पर पहले से मामले दर्ज पुलिस के मुताबिक, भुरु पर ऊन और बरुड़ थाने में गौवंश प्रतिषेध अधिनियम सहित चार मामले दर्ज हैं। मुस्ताक पर कोतवाली, ऊन और मेनगांव थाने में चोरी सहित तीन मामले दर्ज हैं। वहीं, नानसिंग के खिलाफ कोतवाली थाने में गौवंश प्रतिषेध अधिनियम का एक मामला दर्ज है।
