भाजपा में होने वाले प्रशिक्षण वर्गों में मोबाइल फोन अब पूरी तरह प्रतिबंधित रहेंगे। इसके लिए प्रदेश कार्यालय से लेकर पार्टी के सभी जिला कार्यालयों में मोबाइल पार्किंग स्थापित की जाएगी। पार्टी ने मई माह में जिला स्तर के आयोजित होने वाले प्रशिक्षण वर्गों को प्रभावी और तकनीकी रूप से सक्षम बनाने के लिए नई गाइडलाइन जारी की है। इसमें स्पष्ट किया गया है प्रशिक्षण वर्गों में हिस्सा लेने वाले सभी पार्टी नेता और कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण पूरा होने के बाद एक परीक्षा भी देनी होगी। हालांकि यह स्पष्ट नहीं किया गया है कि परीक्षा में फेल या पास होने पर क्या होगा। लेकिन, पार्टी सूत्रों का कहना है कि परीक्षा में फेल होने वालों को दोबारा प्रशिक्षण दिलाया जा सकता है। इसके साथ ही उन्हें पार्टी में संगठन से जुड़ी जिम्मेदारी देने से पूर्व प्रशिक्षण के परीक्षा परिणाम पर भी गौर किया जाएगा। जिलास्तर के प्रशिक्षण से पहले लागू हुई गाइडलाइन अप्रैल में मंडल स्तर के प्रशिक्षण वर्ग आयोजित किए गए थे। मई में जिला स्तर के प्रशिक्षण वर्ग आयोजित किए जाने हैं। नई गाइडलाइन जिला स्तर के प्रशिक्षण शुरू होने से ठीक पहले जारी की गई है। भाजपा में संगठन की दृष्टि से 62 जिले हैं, जिसमें 7 ग्रामीण जिले भी शामिल हैं। पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाअभियान -2026 के तहत हो रहे इन प्रशिक्षण वर्गों के लिए डिजिटल पंजीकरण और डिजिटल शुल्क संग्रह के लिए अलग से इंचार्ज, पार्किंग प्रभारी भी नियुक्त किए जाएंगे। आरएसएस की तर्ज पर होंगे भाजपा के यह वर्ग जिला स्तर पर होने वाले भाजपा के यह प्रशिक्षण वर्ग काफी हद तक राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ (आरएसएस) के प्रशिक्षण वर्ग की तर्ज पर होंगे। इन वर्ग के लिए भाजपा की केंद्रीय ईकाई की ओर से एक सिलेबस तैयार कर राज्य भाजपा ईकाई को भेजा गया है। इसमें पार्टी का इतिहास एवं विकास, वैचारिक पृष्ठभूमि, भविष्य में पार्टी के कार्य विस्तार को लेकर संगठन की दृष्टि, भाजपा की कार्य पद्धति, विचार परिवार (आरएसएस, विहिप समेत 57 अनुषांगिक संगठन), दायित्व बोध, देश के सामने मौजूद चुनौतियां और उनका समाधान, सोशल मीडिया के साथ एआई का इस्तेमाल, मीडिया प्रबंधन जैसे मुद्दों पर 100 से अधिक पेज की ड्राफ्ट पाठ्यक्रम जारी किया गया है।
