भोपाल के साकेत नगर इलाके में एक मकान में नमाज अदा किए जाने को लेकर विवाद सामने आया है। पड़ोस में रहने वाले व्यक्ति ने थाने में आवेदन देकर आपत्ति दर्ज कराई है। आवेदन में आरोप लगाया है कि संबंधित मकान का उपयोग मस्जिद के रूप में किया जा रहा है। एडीशनल डीसीपी गौतम सौलंकी ने बताया कि साकेत नगर क्षेत्र से एक आवेदन प्राप्त हुआ है। शिकायत में कहा है कि एक घर में नमाज पढ़ी जा रही है और उसे मस्जिद के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा है। पुलिस ने आवेदन को जांच में लिया है और तथ्यों का सत्यापन किया जा रहा है। प्रारंभिक जांच में अब तक वहां किसी प्रकार की मस्जिद संचालित होने की पुष्टि नहीं हुई है। संबंधित स्थल एक आवासीय मकान है। पुलिस का कहना है कि आगे की जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी। संयुक्त संघर्ष मोर्चा ने जताई नाराजगी ऑल इंडिया मुस्लिम त्यौहार कमेटी के संरक्षक शमशुल हसन ने इस मामले पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि राजधानी की गंगा-जमुनी तहजीब को खराब करने की कोशिश की जा रही है। उनके मुताबिक, यदि कोई व्यक्ति अपने निजी मकान में इबादत कर रहा है और वह सार्वजनिक स्थल पर आयोजन नहीं कर रहा, तो उस पर आपत्ति उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि छोटी-छोटी बातों पर आवेदन देकर माहौल खराब करने की कोशिश करने वालों पर भी प्रशासन को ध्यान देना चाहिए। धर्म के नाम पर विवाद खड़ा करना शहर की सांस्कृतिक परंपरा के विपरीत है। अपन घर में इबादत कर सकता है व्यक्ति ऑल इंडिया मुस्लिम त्यौहार कमेटी के संरक्षक शमशुल हसन ने कहा कि पुलिस द्वारा मामले की जांच की जा रही है। प्रथम दृष्टया जांच में संबंधित मकान आवासीय ही पाया गया है और वहां स्थायी रूप से मस्जिद संचालित होने के संकेत नहीं मिले हैं। उन्होंने कहा कि व्यक्ति अपने घर में इबादत कर सकता है, बशर्ते वह सार्वजनिक व्यवस्था प्रभावित न करे। राजधानी जैसे शहर में आपसी सौहार्द बनाए रखना सभी की जिम्मेदारी है।
